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गजबः ब्रेन सर्जरी के दौरान मरीज बजाता रहा गिटार, वीडियो देख दंग रह जाएंगे

कैच ब्यूरो | Updated on: 3 July 2018, 9:58 IST

क्या कभी आपने सर्जरी के दौरान ऑपरेशन थियेटर में फिल्मी गाना या किसी तरह का संगीत बजने की बात सुनी है. नहीं ना. लेकिन ऐसा ही कुछ हुआ बैंगलुरु के महावीर जैन अस्पताल में. जहां एक ब्रेन सर्जरी के दौरान मरीज खुद गिटार बजाता रहा. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है.

दरअसल, बांग्लादेश के 31 साल के म्यूजिशियन तस्कीन अली फोकल हैंड डिस्टोनिया से पीड़ित थे. इस वजह से अली के हाथों की उंगलियां ठीक से काम नहीं कर रही थी. अली को परेशानी से निजात दिलाने के लिए उन्हें बैंगलूरु के महावीर जैन अस्पताल में भर्ती कराया गया. जहां उनकी ब्रेन सर्जरी की गई. ब्रेन सर्जरी के दौरान उन ब्रेन सर्किटों को जलाना था जो कार्य के विपरीत काम कर रहे थे.

इस सर्जरी की खास बात ये थी कि सर्जरी के दौरान अली गिटार बजाते रहे. यही नहीं इस दौरान अली डॉक्टर्स से भी बातचीत करते रहे. साथ ही डॉक्टर्स ने अली को मोबाइल भी दिया और अली इस मोबाइल को चलाते नजर आए.

बता दें कि अली पिछले गई सालों से इस बीमारी से जूझ रहे थे. बंग्लादेश में इस बीमारी का इलाज नहीं हो सका. फिर उन्होंने भारत के अभिषेक प्रसाद के बारे में सुना, उनके साथ भी बिल्कुल वही परेशानी थी जो अली के साथ थी. उन्हें पता चला कि बैंगलोर में अभिषेक का सफर ऑपरेशन किया गया है, उसके बाद अली ने भारत आने का फैसला किया.

इस बीमारी की वजह से अली काफी परेशान थे. उनकी उंगलियां उनके कमांड को फॉलो नहीं कर रही थी. खास कर उस वक्त जब वो गिटार बजाते या फिर मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते. बता दें कि तस्कीन कंम्प्यूटर इंजीनियर हैं, लेकिन उन्होंने साल 2007 में संगीत को अपना पेशा बनाया था. 2013 में उनके बाएं हाथ के 2,4, 5 नंबर की उंगलियों में परेशानी शुरू हो गई, जो धीरे-धीरे बाकी के उंगलियों में भी फैलने लगी. उंगलियां सहीं कमांड को फॉलो नहीं कर रही थी, जिसकी वजह से उनका गिराट बजाना बंद हो गया.

न्यूरोसर्जन डॉ शरण श्रीनिवासन के मुताबिक तस्कीन अली की सभी उंगलियां अब पूरी तरह से ठीक हैं. श्रीनिवासन के मुताबिक एक फीसदी संगीतकारों में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से गिटारिस्ट डिस्टोनिया की समस्या हो जाती है. जिसमें मांसपेशियों को आराम देने वाली न्यूरोलॉजिकल कार्यप्रणाली ठीक तरीके से काम नहीं करती. इस बीमारी के लिए सर्जरी के दौरान मरीज का गिराट बजाना जरूरी होता हैं, क्योंकि उसी से हर उस गतिविधि का पता लगाया जाता है जो मरीज को समस्या देती है और उसी से पता लगता है कि सर्किट को कितना जलाना है.

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First published: 3 July 2018, 9:58 IST
 
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