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जानिए अंतरिक्ष में जाने पर कैसे 'भयानक' हो जाता है इंसान का शरीर

कैच ब्यूरो | Updated on: 30 January 2018, 16:33 IST

दुनिया का हर शख्स अंतरिक्ष में घूमने की चाहत रखता है. लेकिन हर कोई इतना खुशनसीब नहीं होता, कि वह अंतरिक्ष की सैर कर सके. वैज्ञानिक जल्द ही लोगों की इस ख्वाहिश को पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं. इसके लिए कुछ ही दशकों में अंतरिक्ष यात्रा आम हो जाएगी और लोग अंतरिक्ष की सैर कर सकेंगे.

शायद आपको नहीं पता होगा कि अंतरिक्ष में जाने पर मनुष्य में क्या-क्या बदलाव आते हैं. आज हम आपको इसके बारे में बताएंगे कि कोई व्यक्ति अंतरिक्ष में जाता है तो उसे किन-किन शारीरिक बदलावों से गुजरना पड़ता है.

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अंतरिक्ष में रखना होता है सेहत का ध्यान

अंतरिक्ष में जाने पर अंतरिक्षयात्रियों को अपनी सेहत और शरीर का विशेष ध्यान रखना होता है. जिसके लिए उन्हें पहले से ही सलाह और ट्रेनिंग दी जाती है. अपनी मांसपेशियों और शरीर के कई अंगों को मजबूत और स्वस्थ बनाए रखने के लिए एक निश्चित अंतराल के बाद अभ्यास करना होता है.

दिल और कान पर पड़ता है प्रभाव

अंतरिक्ष में दिल और कान पर आश्चर्यजनक प्रभाव पड़ता है. दिल की खून पंप करने की क्षमता कम हो जाती है. साथ ही उसका आकार भी हल्का सा सिकुड़कर गोलाकार हो जाता है. हवीं, कान का अंदरूनी हिस्सा पूरी तरह से अपना काम नहीं कर पाता है. इन वजहों से अंतरिक्ष में लगभग 2 दिनों तक अंतरिक्षयात्रियों को मोशन सिकनेस से जूझना पड़ता है.

शरीर पर पड़ता है ग्रेविटी का प्रभाव

अंतरिक्ष में मानव शरीर पर ग्रेविटी का खास प्रभाव पड़ता है. ग्रेविटी के प्रभाव की वजह से मनुष्य के शरीर में उपस्थित तरल पदार्थ ऊपर से नीचे की ओर प्रवाहित होने लगता है. लेकिन अंतरिक्ष में ग्रेविटी का प्रभाव उल्टा दिखने लगता है. इस वजह से जब अंतरिक्षयात्री पृथ्वी पर वापस आते हैं तो वे गोल दिखाई देते हैं

नाखून गिरने की समस्या

अंतरिक्ष में अंतरक्षयात्रियों के नाखून गिर जाते हैं.

रेडिएशन का खतरा

अंतरिक्षयात्रियों को पृथ्वी की अपेक्षा अंतरिक्ष में ज्यादा रेडिएशन का सामना करना पड़ता है. इस वजह से यात्रियों पर बुरा प्रभाव पड़ता है.

लंबाई बढ़ जाती है

अंतरिक्ष में जाने पर अंतरिक्षयात्रियों की लंबाई कुछ इंच बढ़ जाती है. साथ ही नजर कमजोर हो जाती है. ऐसा अंतरिक्ष में गुरुत्वाकर्षण बल नहीं होने की वजह से होता है. वहीं, ज्यादा समय तक रहने पर अंतरिक्षयात्रियों की आंखों में कमजोरी आ सकती है. इस नेत्रदोष को विजुअल इम्पेयरमेंट प्रेशर सिंड्रोम कहते हैं.

First published: 30 January 2018, 14:53 IST
 
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