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एक अंधेरे गांव को पहाड़ों पर मिरर लगाकर किया रोशन

कैच ब्यूरो | Updated on: 17 March 2020, 17:11 IST

सूर्य भले ही हमारे लिए ऊर्जा का एक स्रोत है लेकिन इसके बावजूद धरती पर कई ऐसी जगहें हैं जहां वर्ष में कुछ महीने ही बस सूरज की रोशनी मिलती है. जिसमें एक जगह है आर्कटिक सर्कल के उत्तर में स्थित नॉर्वे का टॉम्सो शहर, जहां हर वर्ष नवंबर से जनवरी तक तीन महीने तक सूरज नहीं दिखाई देता है. वहीं यदि आप इससे दक्षिण में चलेंगे को नॉर्वे का रजुकान गांव आता है, जहां छह महिने तक सूर्य की रोशनी देखने को नहीं मिलती है. ऐसे जगह पर लोग सदियों से रह रहे हैं. लेकिन विशेषज्ञों ने इस समस्या का हल कर दिया.

तकनीती विशेषज्ञों ने इस मुश्किल को सन मिरर लगाकर हल किया है. सूर्य के प्रकाश की दिशा में पहाड़ों पर विशाल सन मिरर की शृंखला लगाई गई, जिससे सूर्य की किरणों परावर्तित होकर पहाड़ी की तलहटी में रोशनी की है. ये आइडिया एक सदी पहले यहीं के इंजीनियर सैम आइड का था. जिसे मार्टिन एंडरसन ने पूरा किया था.

मार्टिन पहले शख्स थे जिन्हें रजुकान में सूर्य की रोशनी नहीं दिखने पर बेचैन हो गए थे. उन्होंने स्थानीय अधिकारियों की मदद से 8 लाख डॉलर की लागत से सन मिरर लगवाए थे. इससे पहले लोग केबल कार के जरिए सूरज की रोशनी देखने ऊपर जाते थे. हालांकि अब यहां दिन भर प्रकाश रहता है.

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यहा लगाया हुआ मिरर 538 वर्ग फुट के क्षेत्र में लगाए गए हैं, जो शहर के 2150 वर्ग फीट क्षेत्र को रोशन करता है. शेष इलाके में इसका उजाला मिल पाता है. ये जगह लोगों के देखने के लिए काफी दिलचस्प है. पर्यटन बढ़ने से यहां के लोगों को काफी फायदा होता है.

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First published: 17 March 2020, 17:11 IST
 
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