Home » अजब गजब » wonderful fansense island between france and spain which change his country after 6 months, island in spain, island in france, wonderful fra
 

विवादित आइलैंड को लेकर इन दो देशोंं ने किया ऐसा समझौता कि जान कर हैरान रह जाएंगे आप

कैच ब्यूरो | Updated on: 4 February 2018, 14:46 IST

 

दुनिया में बहुत कुछ ऐसा होता है जिसका हमें पता ही नहीं चलता. लेकिन धीरे-धीरे कुछ समय बाद उसकी सही तस्वीर हमारी आंखों के सामने होती है. वैज्ञानिकों ने भले ही दुनिया के तमाम रहस्यों को जान लिया हो लेकिन ऐसे कई और भी रहस्य हैं जिन्हें आजतक कोई जान नहीं पाया. ऐसा ही कुछ है फ्रांस और स्पेन के बीच. जो इन दोनों देशों के बीच हर साल होता है.

दो देशों का साझा फैंसेंस आइलैंड

दरअसल, फ्रांस और स्पेन के बीच में फैंसेंस नाम का एक खूबसूरत आइलैंड है. इस आइलैंड पर को लेकर दोनों ही देश अपना हक जताते रहे हैं. इसे लेकर दोनों में कई बार दुश्मनों जैसे हालात भी बन गए. आखिरकार इस आइलैंड के लिए दोनों देशों की लड़ाई खत्म हो गई और दोनों ही देशों ने इस आइलैंड पर अपना हक जमा दिया. अब ये आइलैंड6 महीने में स्पेन और 6 महीने फ्रांस के पास रहता है.

ये भी पढ़ें- नगा समझौते पर बोले राहुल गांधी- मोदी पहले पीएम हैं जिनकी बात का कोई मतलब नहीं

 

 

3,000 वर्ग मीटर में फैला है फैंसेंस आइलैंड

फैंसेंस आइलैंड 3,000 वर्ग मीटर में फैला है. इस आइलैंड को बिदासोआ नदी फ्रांस और स्पेन की सीमा से अलग करती है. दो देशों की सीमा पर स्थित आखिरी शहर हेंडेई है. यहां फ्रांसीसी बास्त बीच रिजॉर्ट पर हजारों सीलें जमा होती हैं. वहीं इसके दूसरे हिस्से पर एक बड़े से डैम के बाद स्पेन का इरुन शहर हैं, जो फ्रांस की सीमा पर स्थित है. बिदासोआ नदी ही इन दोनों शहरों को अगल-अलग करती है.

घटता-बढ़ता रहता है ये आइलैंड

3,000 वर्ग मीटर में फैला ये आइलैंड हमेशा अपना आकार बदलता रहा है. क्योंकि यहां पानी का तेज बहाव आसपास जमी मिट्टी को अक्सर काट देता है. जिससे इसके आकार कभी बड़ा तो कभी छोटा हो जाता है. जब जल स्तर घटने लगता है तो कई बार स्पेन या फ्रांस के लिए पैदल ही जाना पड़ता है. इसीलिए इस आइलैंड को टूरिस्ट्स के लिए किसी खास मौके पर ही खोला जाता है.

 

 

क्या है इस आइलैंड की कहानी

फैंसेंस आइलैंड फ्रांस और स्पेन की सीमा पर बसे आखिरी दो शहरों के बीच बसा है. इसीलिए इस आइलैंड को न्यूट्रल टेरिटरी भी कहा जाता है. पहले अक्सर दोनों देशों के बीच झगड़ा होता था. बतादें कि जब 1659 में फ्रांस और स्पेन के बीच जंग खत्म हुई तो बातचीत के लिए इसी आइलैंड को चुना गया था. इसलिए इसका ऐतिहासिक महत्व भी कम नहीं है.

इस बातचीत में फ्रांस के किंग लुईस ने स्पेन के किंग फिलिप की बेटी से शादी कर ली, जिसे पाइनीस की संधि भी कहते है. तभी यह तय किया गया कि इस आइलैंड को दोनों देश मिलकर बांटेगे, जिसके कारण यह आइलैंड 6-6 महीने तक दोनों देशों के पास रहता है. यह आइलैंड 1 फरवरी से 31 जुलाई तक स्पेन के पास और बाकी के छह महीने फ्रांस के पास रहता है. पिछले 350 सालों से ये सिलसिला यूं ही चला आ रहा है और यह द्वीर दो देशों के बीच लोगों को आकर्षित करने का काम करता है.

 

First published: 4 February 2018, 14:46 IST
 
अगली कहानी