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मुजफ्फरपुर शेल्टर होम केस: नितीश कुमार का बड़ा फैसला, NGO नहीं सरकार के हाथों में होगा बालिका गृहों का संचालन

कैच ब्यूरो | Updated on: 7 August 2018, 13:29 IST

मुजफ्फरपुर शेल्टर होम रेप केस मामले में चौतरफा आलोचना झेल रहे बिहार के मुख्यमंत्री नितीश कुमार ने एक बड़ा फैसला सुनाया है. बिहार में बच्चो से जुड़ा कोई भी सुधार या कल्याण गृह अब किसी भी एनजीओ के हवाले नहीं होगा. सरकार राज्य के सारे बालीखा-बालक गृहों को खुद ही रेगुलेट करेगी.

बिहार सरकार ने ये फैसला मुजफ्फपुर शेल्टर होम में लड़कियों के साथ हुए रेप और इस मामले में कई नेताओं के नाम सामने के बाद किया है. बिहार के मुजफ्फरपुर शेल्टर होम में बच्चियों के साथ रेप के मामले में बिहार के मुख्यमंत्री नितीश कुमार ने सीबीआई जांच के आदेश दिए हैं.

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इस शेल्टर होम में रह रही बच्चियों ने कोर्ट में जो आपबीती सुनाई है वो बहुत ही भयावह है. इस शेल्टर होम में 7 से 14 साल तक की बच्चियां रहती हैं. जिनमें से एक 10 साल की बच्ची कोर्ट में डरते हुए बोली, ''जैसे ही सूरज डूबता, शाम होती, लड़कियां खौफ में आ जाती हैं.''

गौरतलब है कि इस शेल्टर होम की 42 लड़कियों का मेडिकल टेस्ट कराया गया था. जिसके बाद की रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि कम से कम 29 लड़कियों के साथ रेप किया गया था. 3 ऐसी लड़कियां थीं जिनका एबॉर्शन कराया गया था और 3 ऐसी भी लड़कियां हैं जो कि अभी प्रेग्नेंट हैं.

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हैरान करने वाली बात ये हैं कि इन सभी लड़कियों की उम्र 14 से कम है. इतनी कम उम्र में रेप गर्भपात और गर्भवती होने के बाद ये बच्चियां किस मानसिक वेदना से गुजर रही होंगी इसका सिर्फ अंदाजा लगाया जा सकता है.

First published: 7 August 2018, 13:29 IST
 
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