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Maruti Suzuki और Toyota में हुआ नया समझौता, नए अवतार में आएगी बलेनो

कैच ब्यूरो | Updated on: 6 August 2018, 14:24 IST

सुजुकी मोटर कार्पोरेशन हर साल टोयोटा मोटर कॉर्प को 25,000 मारुति सुजुकी बालेनो प्रीमियम हैचबैक की आपूर्ति कर सकती है. यह कार ऑटो निर्माताओं के पहले क्रॉस-बैज उत्पाद बनने के लिए तैयार है. टोयोटा अगले वित्त वर्ष की पहली तिमाही से अपने डीलरशिप नेटवर्क के माध्यम से बलेंनो को बेचना शुरू कर देगी.

सुजुकी हर साल टोयोटा की स्थानीय इकाई को 20,000 से 25,000 बालेनो कारों की आपूर्ति करेगी. बलेनो को सुजुकी के गुजरात स्थित प्लांट में तैयार किया जाता है और कनि अब इसके हेड लैंप, टेल लैंप और फ्रंट ग्रिल में कुछ मामूली बदलाव करेगी. जापान में स्थित कंपनी के हेड मुख्यालयों से इसकी अनुमति मिल चुकी है.

 

2015 में लॉन्च होने के बाद से बालेनो बड़ी संख्या में बिकी. कंपनी ने लगभग 15,000 कारों की औसत मासिक बिक्री की. दोनों जापानी कंपनियों के लिए भारत में एक-दूसरे के वाहन बेचने के लिए समझौता हुआ है. सुजुकी बाद में टोयोटा के जरिये अपनी कॉम्पैक्ट स्पोर्ट-यूटिलिटी वाहन विटारा ब्रेजा को भी आपूर्ति करेगी. बदले में सुजुकी टोयोटा के कोरोला सेडान को अपने डीलरों के जरिये बेचेगी.

इसी तरह रेनॉल्ट-निसान, वोक्सवैगन और स्कोडा ने भी इसी तरह की रणनीति अपनाई है. रेनॉल्ट डस्टर और निसान टेरानो एसयूवी एक दूसरे के डीलरों के जरिये बेचीं जाएगी. जबकि वोक्सवैगन वेंटो और स्कोडा रैपिड सेडान जैसे मोडल भी इसी तहर बेचे जायेंगे.

टोयोटा के पास 2020 तक भारत में कोई बड़ी निवेश योजना नहीं है और बालेनो एक ऐसा उत्पाद है जिसे जापान समेत अन्य देशों में निर्यात किया जा रहा है. आईएचएस मार्किट के सहयोगी निदेशक पुनीत गुप्ता का कहना है कि बालेनो दोनों कंपनियों खासकर टोयोटा के लिए समझदारी है, जिसे नए कॉर्पोरेट औसत ईंधन दक्षता मानदंडों को पूरा करने के लिए एक छोटी गैसोलीन इंजन कार की आवश्यकता होगी.

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First published: 6 August 2018, 14:20 IST
 
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