Home » बिज़नेस » Driver earning Rs 8,000 a month questioned on tax evasion of Rs 15 crore
 

8000 कमाने वाले टैक्सी ड्राइवर से GST अधिकारियों की 15 करोड़ की टैक्स चोरी के मामले में पूछताछ

कैच ब्यूरो | Updated on: 3 July 2019, 12:53 IST

गुजरात जीएसटी विभाग के अधिकारियों ने मंगलवार को एक टैक्सी ड्राइवर से 15 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी के संदेह में एक सामान्य ट्रेडिंग फर्म के 200 करोड़ रुपये के व्यापार लेनदेन के संबंध में पूछताछ की. अधिकारियों ने कहा कि प्रथम दृष्टया ड्राइवर को टैक्स चोरी के लिए इस्तेमाल किया गया है.

इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार भरुच और नडियाद के जीएसटी अधिकारियों ने सोमवार को सुरेश गोहिल (32) के एक कमरे वाले घर में एक खोज की और उनकी बैंक पासबुक जब्त कर ली. गोहिल मंगलवार दोपहर को जीएसटी कार्यालय के भरूच डिवीजन में पहुंचे और कुछ घंटों तक चली पूछताछ कई सवाल पूछे गए बाद में उन्हें घर जाने की अनुमति दी गई.

ड्राइवर का कहना है कि वहमहीने में 8,000 रुपये से अधिक नहीं कमाता है, उससे उन चीजों के बारे में पूछताछ की गई, जिनके बारे में उसे कथित तौर पर कोई जानकारी नहीं थी. अधिकारियों ने कहा कि वे दायर रिटर्न पर डेटा का विश्लेषण करते हुए गोहिल की पहचान हुई. GST पहचान संख्या से, उन्होंने सुरेश गोहिल के नाम पर पंजीकृत होने के रूप में कंपनी का पता लगाया. 

गोहिल का पैन कार्ड, बिजली का बिल और फोटोग्राफ कंपनी के मालिक से संबंधित दस्तावेजों के रूप में जमा किए गए थे. इन दस्तावेजों के आधार पर जीएसटी अधिकारियों ने छापे मारे लेकिन कुछ नहीं मिला. गोहिल की बैंक पासबुक में 2000 रुपये का बैलेंस दिखाया गया है.

सूत्रों ने कहा कि गोहिल के दस्तावेजों का इस्तेमाल कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा किया गया था, जिन्होंने उसके नाम से एक कंपनी बनाई, लेनदेन की और टैक्स चोरी की. अधिकारियों ने गोहिल का बयान दर्ज किया है, जिसमें उसने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों का खंडन किया है.

गोहित का मोबाइल फोन भी जब्त कर लियागया है और उनके कॉल डेटा रिकॉर्ड के आधार पर गहन जांच कर रहे हैं. गोहिल एंटरप्राइजेज स्क्रैप कारोबार में काम करने के रूप में पंजीकृत है.

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First published: 3 July 2019, 9:11 IST
 
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