Home » बिज़नेस » government will earn $47.4 billion by selling their stake in Public sector companies
 

सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों में अपनी हिस्सेदारी बेचकर 47 बिलियन डॉलर हासिल कर सकती सरकार

कैच ब्यूरो | Updated on: 13 July 2019, 12:25 IST

भारत सरकार ने अगले पांच वर्षों में कुछ सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों में अपने स्टेक को घटाकर 40 फीसदी कर 3.25 ट्रिलियन रुपये ($ 47.4 बिलियन) की राशि जुटाने की योजना बना रही है. पिछले हफ्ते वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट में इसके संकेत दिए थे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रशासन ने पहले ही पांच साल के कार्यकाल में शेयर बेचकर 40.92 बिलियन डॉलर कमाए थे.

2009-2014 में कांग्रेस पार्टी सरकार द्वारा हासिल 14.52 बिलियन डॉलर की राशि लगभग तीन गुना है. मोदी सरकार ने कई सरकारी स्वामित्व वाली फर्मों की पहचान की है, जिनमें एक्सप्लोरर ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉर्प (ONGC.NS), ऑयल रिफाइनर इंडियन ऑयल कॉर्प (IOC.NS), गैस ट्रांसमीटर गेल (इंडिया) लिमिटेड (GAIL.NS), पावर शामिल हैं. एक अधिकारी ने कहा, "मौजूदा कीमतों के हिसाब से 3.25 ट्रिलियन रुपये प्राप्त कर सकते हैं.

आईएएनएस की रिपोर्ट के अनुसार अगर सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों में सरकार की हिस्सेदारी 51 फीसदी से कम होने पर इनसे पीएसयू कंपनियों का टैग हट सकता है. इसके बाद ये कंपनियां कैग और सीवीसी की जांच के दायरे से बाहर हो जाएगी. सरकार द्वारा नियंत्रित सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम (पीएसयू) बने रहने के लिए किसी कंपनी में सरकार की हिस्सेदारी 51 फीसदी या उससे अधिक होनी चाहिए. बजट में प्रस्ताव किया गया कि 51 फीसदी हिस्सेदारी में सरकार की प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष हिस्सेदारी हो सकती है.

ONGC और एनटीपीसी जैसी कंपनियों से हट सकता है पीएसयू का टैग

 

First published: 13 July 2019, 12:04 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी