Home » बिज़नेस » I-T returns filing up 76%; over 52 mn file returns 5 hrs before deadline
 

I-T रिटर्न में हुई इस बढ़ोतरी ने सरकार को दिया नोटबंदी पर बचाव का हथियार

कैच ब्यूरो | Updated on: 1 September 2018, 11:19 IST

इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने वालों की संख्या में 31 अगस्त को डेडलाइन से पांच घंटे 75.98 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई. लगभग 5,29,70,000 लोगों इन  समय तक अपना रिटर्न फाइल किया था. पिछले साल यह आंकड़ा 3 करोड़ से कुछ ज्यादा था. हालांकि आखिरी आंकड़ों में यह संख्या बढ़ सकती है. माना जा रहा है कि नोटबंदी के बाद सरकार इन बढे आंकड़ों को अपनी ढाल बना सकती है.

जिस तरह बैंकों में नोटबंदी के बाद अमान्य किये गए 500 और 1000 के 99.3 फीसदी नोट लौट आये सरकार से लगातार सवाल पूछे जा रहे हैं. इससे पहले सरकार ने 31 अगस्त तक आईटीआर जमा करने की अंतिम तिथि बढ़ा दी थी. इसे केरल में बाढ़ के कारण और बढ़ा दिया गया है.

पिछले वर्षों के विपरीत इस बाद समय सीमा के बाद आईटीआर दाखिल करने वालों को जुर्माना लगाया जाएगा. मार्च 2014 में दायर आई-टी रिटर्न की संख्या 3 करोड़ 80 लाख थी. हालांकि इस वृद्धि का कारण रसीदों की संख्या में वृद्धि हो सकती है, लेकिन यह रिटर्न के अनुरूप नहीं हो सकती है. ऐसा इसलिए है क्योंकि 10 मिलियन निर्धारित कोई कर नहीं देते हैं.

सरकार टैक्स नंबरों के आधार पर नोटबंदी का बचाव कर रही है, जिसमें संग्रह और रिटर्न दाखिल शामिल हैं. अधिकारियों को लगता है कि वैसे तो आईटीआर में वृद्धि करदाताओं को प्रेरित और जागरूक किए जाने से हुई है क्योंकि 31 अगस्त के बाद आईटीआर फाइल करनेवालों पर जुर्माना लगाने के सरकार के फैसले से भी समय पर रिटर्न्स फाइल करने का दबाव बढ़ा है.

ये भी पढ़ें : दुनिया को पछाड़ने वाली अर्थव्यवस्था में नौकरियों का सूखा ख़त्म नहीं हो रहा

First published: 1 September 2018, 11:14 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी