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BSNL देगा हवाई यात्रा के दौरान WiFi की सुविधा, ब्रिटिश कंपनी से मिला लाइसेंस

कैच ब्यूरो | Updated on: 4 April 2019, 10:06 IST

भारतीय एयरलाइंस अब इन-फ्लाइट और मैरीटाइम कनेक्टिविटी (IFMC) लाइसेंस की बदौलत हवा में वाई-फाई कनेक्टिविटी की सुविधा दे सकेंगे. भारत की राज्य दूरसंचार कंपनी, भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) ने ब्रिटिश दूरसंचार उपग्रह कंपनी इनमारसैट से लाइसेंस प्राप्त किया, जो वैश्विक मोबाइल सेवाएं प्रदान करती है.

बीएसएनएल ने पहली बार संकेत दिया कि हवाई यात्री जुलाई 2017 में गृह मंत्रालय (एमएचए) और दूरसंचार विभाग (DoT) से अपेक्षित अनुमोदन प्राप्त करने के बाद वर्ष के भीतर उड़ानों पर इंटरनेट का उपयोग करने में सक्षम होंगे. पिछले साल मई में भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) ने कहा कि इन-फ्लाइट वाई-फाई अगले 3 से 4 महीनों के भीतर लाइव होगा.

 

भारत के अलावा, उत्तर कोरिया एकमात्र ऐसा देश है जिसने अब तक इन-फ़्लाइट कनेक्टिविटी की अनुमति नहीं दी है, जिसके पीछे भारत सरकार के राष्ट्रीय सुरक्षा कारण जिम्मेदार हैं. ट्राई ने यह भी संकेत दिया कि एयरलाइंस ही इन-फ्लाइट कनेक्टिविटी के लिए कीमतें निर्धारित करेगी. चूंकि भारत के पास लाइसेंस नहीं था, इसलिए एयरटेल जैसी कंपनियों ने वर्कअराउंड पाया. उदाहरण के लिए, इसने मोबाइल वर्ल्ड कांग्रेस (MWC 2018) के दौरान वनवेब, एयरबस, डेल्टा और स्प्रिंट के साथ 'सीमलेस अलायंस' की स्थापना की, ताकि फ्लाइट के यात्रियों को इंटरनेट तक पहुंच दी जा सके.

इससे पहले कतर एयरवेज और लुफ्थांसा जैसे विदेशी खिलाड़ी उड़ान भरते समय इन-फ्लाइट वाई-फाई प्रदान करते हैं. भारत सरकार से ऐसा ही अनुरोध किया है. यहां तक कि स्पाइसजेट, इंडिगो और विस्तारा जैसी स्थानीय एयरलाइनों ने भी ऑन-बोर्ड वाई-फाई प्रदान करने के विकल्प के महत्व को व्यक्त किया है.

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First published: 4 April 2019, 10:06 IST
 
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