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एक अक्टूबर से SBI बदलने जा रहा है ये नियम, अगर आपका भी है अकाउंट तो जानें ये जरूरी बातें

कैच ब्यूरो | Updated on: 25 September 2019, 16:03 IST

अगर आपका स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में अकाउंट है तो ये खबर आपके लिए हैं. क्योंकि भारती स्टेट बैंक (SBI) एक अक्टूबर से अपनी सेवाओं में बदलाव करने जा रही है. जिसे लेकर एसबीआई ने सर्कुलर जारी कर दिया है. एसबीआई के नए नियमों के मुताबिक, एसबीआई ने चेक बुक में पन्ने कम कर दिये हैं. वहीं दूसरी ओर चेक बाउंस (Cheque Book) होने पर शुल्क को बढ़ा दिया है. ये नए नियम एक अक्टूबर 2019 से पूरे देशभर में लागू हो जाएंगे.

एसबीआई ने सर्विस चार्ज को लेकर नई सूची जारी की है उसके मुताबिक, अब बचत खाते पर एक वित्त वर्ष में 25 की जगह केवल 10 चेक ही मुफ्त दिए जाएंगे. इसके बाद 10 चेक लेने पर 40 रुपए देने होंगे. जबकि पहले मुफ्त चेकबुक के बाद 10 चेक लेने पर 30 रुपए देने पड़ते थे, इसके साथ ही अब GST अलग से चुकाना पड़ेगा. हालांकि मिनिमम बैलेंस मेंटेन नहीं रखने पर लगने वाले चार्ज में कटौती हो सकती है. साथ ही NEFT और RTGS के जरिये भी ट्रांजेक्शन सस्ता हो जाएगा.

इसके अलावा एसबीआई ने एक और बड़ा बदलाव किया है. जिसके तहत अब बैक खाते में रुपया एक महीने में तीन बार रुपये जमा करने पर आपको कोई शुल्क नहीं देना होगा. वहीं चौथी बार से रुपये जमा करने पर भी हर ट्रांजेक्शन पर आपको 50 रुपए (जीएसटी अतिरिक्त) का चार्ज देना होगाबता दें कि बैंक सर्विस चार्ज पर 12 फीसदी का जीएसटी वसूलता है. इस तरह जब आप चौथी, पांचवीं या ज्यादा बार रुपये जमा करेंगे तो आपको हर बार 56 रुपये ज्यादा देने होंगे.

वहीं NEFT और RTGS नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर और रियल-टाइम ग्रॉस सेटलमेंट के शुल्क में भी परिवर्तन होगा. यह डिजिटल पेमेंट माध्यम मुफ्त है और इसकी फीस ब्रांच पर लगाई जाती है. 10,000 रुपये तक का एनईएफटी लेनदेन पर 2 रुपये प्लस जीएसटी लगेगा.

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First published: 25 September 2019, 16:03 IST
 
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