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Bhai Dooj 2020 : इस वजह से मनाया जाता है भैजा दूज का त्यौहार, जानिए इससे जुड़ी पौराणिक कथा

कैच ब्यूरो | Updated on: 10 November 2020, 12:57 IST

Bhai Dooj 2020 : कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया पर भैया दूज का त्यौहार मनाया जाता है. ये त्यौहार भाई-बहन के बीच अटूट प्यार और विश्वास का प्रतीक माना जाता है. भैया दूज के इस त्यौहार पर बहनें अपने भाईयों के माथे पर तिलक लगाती हैं. उन्हें इस दौरान सूखा नारियल देकर उनकी लंबी उम्र की कामना करती हैं. इस साल दिवाली 14 नवंबर को मनाई जाएगी. इसके दो दिन बाद 16 नवंबर को भैया दूज का पर्व मनाया जाएगा. इस त्यौहार के साथ ही पंच दिवसीय दीपोत्सव का समापन हो जाएगा.

पौराणिक मान्यता के मुताबिक यमराज को उनकी बहन यमुना ने कई बार मिलने के लिए बुलाया. लेकिन यम जा ही नहीं पाते थे. एक दिन वो अपनी बहन के घर उनसे मिलने पहुंचे. तो बहन यमुना की खुशी का ठिकाना नहीं रहा. उन्होंने यमराज को बड़े ही प्यार और आदर से भोजन कराया और तिलक लगाकर उनकी खुशहाली की कामना की. बहन के इस स्वागत सत्कार से खुश होकर यमराज ने बहन यमुना से वरदान मांगने के लिए कहा. जिसके चलते यमुना ने मांगा कि इस तरह ही आप हर साल कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया मेरे घर आया करो.


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तभी इस दिन जो भी भाई अपनी बहन के घर जाएगा और उनके घर में भोजन करेगा और बहन से तिलक करवाएगा तो उसे यम और अकाल मृत्यु का भय नहीं होगा. तब यमराज ने उनके वरदान को पूरा किया और तभी से इस दिन भैया दूज मनाने की परंपरा की शुरुआत हुई. यही कारण है कि इस दिन यमुना में डुबकी लगाने की परंपरा है. यमुना में स्नान करने का बड़ा ही महत्व इस दिन बताया गया है.

यही कारण है कि इस दिन यमुना में डुबकी लगाने की परंपरा है. यमुना में स्नान करने का बड़ा ही महत्व इस दिन बताया गया हैयही कारण है कि इस दिन यमुना में डुबकी लगाने की परंपरा है. यमुना में स्नान करने का बड़ा ही महत्व इस दिन बताया गया है.

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First published: 10 November 2020, 12:57 IST
 
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