Home » मनोरंजन » Film producers organisation IMPPA ban on Pakistani artists in india
 

बॉलीवुड में पाकिस्तानी कलाकारों का बायकॉट, फिल्म निर्माताओं के संगठन ने लगाया बैन

कैच ब्यूरो | Updated on: 30 September 2016, 10:53 IST
(आईएमपीपीए)

सर्जिकल स्ट्राइक के बाद भारत और पाकिस्तान में सीमा पर बढ़े तनाव के बीच पाकिस्तानी कलाकारों के लिए एक और बुरी खबर है. फिल्म निर्माताओं के सबसे बड़े संगठन 'इंडियन मोशन पिक्चर्स प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन' (आईएमपीपीए) ने पाक कलाकारों के हिंदी फिल्मों में काम करने पर रोक लगाने का फैसला किया है.

इम्पा के अध्यक्ष और निर्माता टीपी अग्रवाल ने कहा, "इम्पा ने अपनी 87वीं आम सभा में प्रस्ताव पारित किया कि इस संस्था के सदस्य निर्माता किसी पाकिस्तानी कलाकार को अपनी फिल्मों में नहीं लेंगे."

हाल ही में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने पाकिस्तानी कलाकारों को देश छोड़कर जाने की धमकी दी थी. पाकिस्तान की तरफ से आतंकवाद को बढ़ावा देने के खिलाफ देश भर में बढ़ रहे गुस्से को देखते हुए फिल्म निर्माताओं के संगठन ने यह फैसला लिया है.

हालात सामान्य होने तक बैन

इस बीच फिल्म निर्माता और संगठन के सदस्य अशोक पंडित ने कहा, "इम्पा उरी हमले में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि देता है. यह महसूस किया गया कि हमारी देश के प्रति भी जिम्मेदारी है. इम्पा ने प्रस्ताव पारित किया गया कि हालात सामान्य होने तक पाकिस्तानी कलाकारों और टेक्नीशियन पर प्रतिबंध रहेगा."

हाल ही में राज ठाकरे की पार्टी मनसे ने फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' से फवाद खान और 'रईस' से माहिरा खान को न हटाए जाने पर फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी थी. मनसे ने पाकिस्तानी कलाकारों को 48 घंटे के भीतर देश छोड़ने का अल्टीमेटम दिया था. 

करण जौहर ने किया था विरोध

बॉलीवुड फिल्मकार करण जौहर ने इस एलान का विरोध किया था. जौहर ने कहा था, "पाकिस्तानी कलाकारों पर पाबंदी लगाना आतंकवाद का समाधान नहीं है." जौहर की आने वाली फ़िल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' में फ़वाद ख़ान अभिनय कर रहे हैं. यह फ़िल्म दीवाली में रिलीज होने वाली है.

करण जौहर ने एक न्यूज चैनल से कहा था, "मैं लोगों की तकलीफ और गुस्से को समझ सकता हूं. जिनकी जानें गईं उनके लिए मेरा दिल रो रहा है. आतंकवाद को किसी भी रूप में सही नहीं ठहराया जा सकता है. लेकिन पाक कलाकारों पर प्रतिबंध लगाने से कोई हल नहीं निकलेगा."

करण ने कहा, "ये कहते हुए मुझे डर लगता है. मैं वो दर्द और गुस्सा भीतर तक महसूस कर रहा हूं. यदि इस वजह से मेरी फ़िल्मों को निशाना बनाया जाता है तो मुझे बहुत तकलीफ होगी."

साथ ही जौहर का कहना था, "कई बार हम बस इतना कहना चाहते हैं कि हम रचनात्मक लोग हैं, प्लीज हमें अकेला छोड़ दो. हम फ़िल्में बनाते हैं, प्यार फैलाते हैं. दुनिया भर में लाखों लोग हमारे काम से खुश हैं. हमें आप वही करने दें."

First published: 30 September 2016, 10:53 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी