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Winter 2020: इस साल पड़ने वाली है बहुत ही ज्यादा ठंडी, 'ला नीना' बनेगी वजह, जानिए क्या है यह

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 October 2020, 11:21 IST

Winter 2020: इस साल बहुत ही ज्यादा ठंडी पड़ने वाली है. मौसम विभाग ने भविष्यवाणी की है कि पिछले साल की तुलना में इस साल बहुत ज्यादा ठंड पड़ेगी. मौसम विभाग ने इस भविष्यवाणी के पीछे प्रशांत महासागर पर कमजोर 'ला नीना' की स्थिति के उभार को काउंट किया है. ला नीना यानि स्पेनिश भाषा में छोटी बच्ची.

मौसम विभाग के अनुसार, दूर दराज प्रशांत महासागर पर ला नीना बनता है. 'एल नीनो' और 'ला नीना' के पैरामीटर को समझे पर पता चलता है कि भारत इस साल ला नीना की स्थिति का अधिक सामना करेगा. इसके चलते भारत के उत्तरी भाग पर मौजूद टेम्परेचर काफी कम हो जाएगा. इसका नतीजा यह होगा कि सर्दी का मौसम पहले की तुलना में काफी ज्यादा लंबा होगा.

बता दें कि एल निनो ENSO का गर्म चरण है. जबकि ला नीना ठंडे चरण के तौर पर जाना जाता है. अल नीनो से समुद्र की सतह का तापमान काफी ज्यादा बढ़ जाता है. वहीं ला नीना के दौरान समुद्र की सतह का तापमान काफी कम हो जाता है. महासागरीय घटनाओं समेत दुनिया के मौसम और जलवायु को बड़े पैमाने पर प्रभावित करने के लिए यह अंतर कारण बनते हैं.

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि हवा की दिशा में बदलाव होना इसकी बड़ी वजह है. एल निनो तथा ला नीना, एल नीनो-दक्षिणी ऑसीलेशन (ENSO) चक्र के हिस्से हैं. दोनों जलवायु घटना के विपरीत में काम करते हैं. पूर्व-मध्य इक्वेटोरियल पैसिफिक में महासागर और वायुमंडल के बीच तापमान के उतार-चढ़ाव को ENSO बताता है.

मौसम विज्ञान के अनुसार, एल नीनो तथा ला नीना का उतार-चढ़ाव नौ महीनों से एक साल तक चलता है. हालांकि यह कुछ साल लंबा भी चल सकता है. भारत के उत्तरी हिस्से में रहने वाले लोग इसकी वजह से ज्यादा ठंडी का सामना करने वाले हैं.

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First published: 29 October 2020, 9:58 IST
 
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