Home » हेल्थ केयर टिप्स » Don't do it, if you want to build muscle, body building basics & tips
 

मसल्स बनाना चाहते हैं तो आज ही छोड़ दें यह चीज

कैच ब्यूरो | Updated on: 30 August 2017, 18:07 IST

अगर आप बॉडी बिल्डिंग करते हैं या मसल्स बनाना चाहते हैं, तो आपको एक चीज तुरंत छोड़ देनी चाहिए. लेकिन पहले जान लीजिए कि अगर आप अपनी अतिरिक्त चर्बी (फैट) घटाना चाहते हैं या फिर बिल्कुल फिट दिखना चाहते हैं, तो वेट लिफ्टिंग (वजन उठाना) हर लिहाज से बेहतर माना गया है.

लेकिन एक ताजा शोध के मुताबिक शरीर बनाने यानी मसल्स बनाने की कोशिश में लगे लोगों को इसके लिए एक आम दर्द निवारक दवा को त्यागना होगा. स्वीडन के शोधकर्ताओं ने पाया है कि नियमितरूप से इबूप्रोफेन (Ibuprofen) जैसी आम दर्द निवारक दवा लेने से मसल्स की ग्रोथ रुक सकती है. हालांकि अगर इसकी बजाय व्यक्ति कम डोज वाली एस्पिरिन (Aspirin) लेता है, तो उसकी मांसपेशियां दोगुना बड़ी हो सकती हैं.

कैरोलिनस्का इंस्टीट्यूट द्वारा किए गए अध्ययन में देखा गया कि वजन उठाने की एक्सरसाइज करने वाले स्वस्थ्य वयस्कों के शरीर की मांसपेशियों (मसल्स) पर इबूप्रोफेन के क्या प्रभाव पड़ते हैं.

इस दौरान 18 से 35 साल आयु तक के प्रतिभागियों को दो हिस्सों में बांट दिया गया. इनमें से आधे से कहा गया कि वे आठ सप्ताह तक रोजाना इबूप्रोफेन का अपेक्षाकृत ज्यादा डोज (1,200 mg, जो एक दिन के लिए सामान्य खुराक है) लें, जबकि बाकी आधे प्रतिभागियों से बहुत कम मात्रा में एस्पिरिन (75mg) का डोज लेने को कहा गया.

 

इस दौरान प्रतिभागियों को जांघों की मांसपेशियों के लिए विशेषरूप से तैयार की गईं वजन उठाने की एक्सरसाइज करने के लिए कहा गया. प्रतिभागी हर सप्ताह दो-तीन बार यह अभ्यास करते थे.

आठ सप्ताह बाद शोधकर्ताओं ने मांसपेशियों के विकास, ताकत और मसल्स में दवाओं के प्रभाव को जांचा. शोधकर्ताओं ने पाया कि कम एस्पिरिन लेने वाले समूह के मसल्स की ग्रोथ, इबूप्रोफेन लेने वालों की तुलना में तकरीबन दोगुनी थी.

उन्होंने यह भी पता लगाया कि इबूप्रोफेन लेने के चलते मांसपेशियों की ताकत पर भी नुकसान हुआ है, लेकिन मसल्स ग्रोथ की तुलना में नहीं.

कैरोलिनस्का इंस्टीट्यूट में डिपार्टमेंट ऑफ लैबोरेटरी मेडिसिन के प्रमुख जांचकर्ता टॉमी एल कहते हैं, "चूंकि दर्द-निवारक दवाओं के इस्तेमाल की बातें न केवल खिलाड़ियों और फिटनेस पर ध्यान देने वाले व्यक्तियों के साथ ही दुनिया भर में इतनी ज्यादा मशहूर हैं कि यह नतीजे काफी दिलचस्प हैं."

वे आगे कहते हैं कि उन्होंने इबूप्रोफेन के प्रभावों का अध्ययन करने को इसलिए चुना क्योंकि यह बाजार में सबसे ज्यादा शोध की जाने वाली दर्द निवारक दवा है. लेकिन उन्हें यकीन है कि गैर-स्टेरॉयड वाली किसी भी दर्द-निवारक दवा के हाई डोज लेने पर ऐसे ही प्रभाव दिखेंगे.

First published: 30 August 2017, 18:07 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी