Home » हेल्थ केयर टिप्स » reasons why you shouldn't eat bread
 

जानिए कितना ख़तरनाक है रोज़ाना ब्रेड खाना

कैच ब्यूरो | Updated on: 5 August 2017, 14:09 IST

सुबह के नाश्ते से लेकर शाम के स्नैक्स तक में इस्तेमाल होने वाली ब्रेड में हानिकारक केमिकल होने की बात सामने आई है. हाल ही सेंटर फॉर साइंस एंड एंवायरमेंट (सीएसई) की जांच में ब्रेड में कैंसर फैलाने वाले केमिकल पोटैशियम ब्रोमेट और पोटैशियम आयोडेट होने की पुष्टि हुई है.

भारत में बेकरी उत्पादों में इन पर रोक नहीं लगने के कारण खूब इस्तेमाल हो रहा है. इन पर अब रोक लगाने की बात कही जा रही है. ब्रेड शरीर में न्यूट्रिशन की पूर्ति नहीं करती है. इसे रोजाना नाश्ते का हिस्सा बनाना सेहत के लिए फायदेमंद नहीं है.

क्या ब्रेड से दूरी बनाना जरूरी है?

ब्रेड को लंबे समय तक मुलायम, सफेद और फुलाने के लिए इन केमिकल का इस्तेमाल किया जाता है, येे दिक्कत पैदा करते हैं. जबकि रोटी केमिकल रहित होती है, इसलिए ब्रेड के मुकाबले यह स्वास्थ्यवर्धक होती है.

क्या ब्राउन ब्रेड और मल्टीग्रेन भी सेहत के लिए फायदेमंद हैं?

सफेद ब्रेड को ज्यादा सफेद और मुलायम बनाने के लिए अधिक केमिकल का इस्तेमाल होता है. जबकि ब्राउन ब्रेड और मल्टीग्रेन में इनकी मात्रा कम होती है. इसकी जांच में भी पुष्टि हुई है.

प्रतिदिन ब्रेड की कितनी मात्रा लेनी चाहिए?

इसे रोजाना न लें. यह आंतों के लिए कई समस्याएं पैदा कर सकती है. हफ्ते में इसकी 2 पीस से ज्यादा न लें. इसमें मौजूद नमक, चीनी और प्रिजर्वेटिव्स वजन बढ़ाने का काम करते हैं.

ब्रेड में मौजूद पोटैशियम ब्रोमेट और पोटैशियम आयोडेट कैसे नुकसान पहुंचाते हैं?

पोटैशियम ब्रोमेट : यह जीनोटॉक्सिक कारसिनोजेन (ऐसा पदार्थ हैं जो कैंसर का कारण बनता है) की तरह काम करता है. यह आसानी से पचता नहीं है. लगातार बॉडी में इसकी मात्रा बढ़ने से मेटाबॉलिज्म स्लो हो जाता है. यह कैंसर कोशिकाएं बनने का खतरा बढ़ाने के साथ पेट के कैंसर, किडनी स्टोन का कारण बन सकता है. ऐसे में व्यक्ति को शुरुआत में उल्टी आना, डायरिया जैसे लक्षण सामने आते हैं.

पोटैशियम आयोडेट : यह शरीर में रेडियोएक्टिव आयोडीन की तरह काम करता है और आयोडीन की मात्रा बढ़ाता है. यह एनर्जी का स्तर भी घटाता है. इसके लंबे इस्तेमाल से थायरॉइड कैंसर भी हो सकता है.

सब्जियों और फलों को शामिल करें

ब्रेड, बर्गर या पाव से दूर ही रहना चाहिए क्योंकि ये हेल्दी नहीं होते हैं. अगर ले भी रहे हैं तो ब्राउन ब्रेड लें. ब्राउन ब्रेड में फिलिंग के लिए कटी हुई पत्ता गोभी, टमाटर, खीरा, ककड़ी व सेब प्रयोग कर सकते हैं. ये जरूरी पोषक तत्त्वों की पूर्ति करेंगे.

ये हैं विकल्प

ब्रेड की जगह पर पोहा, दलिया, फल, उपमा, इडली, स्प्राउट्स और साबुत अनाज ले सकते हैं. प्रोटीन के लिए अंडा, दूध व अंकुरित दालें और फाइबर के लिए फल, सब्जियां, सलाद लें.

नाश्ता है जरूरी

सुबह के नाश्ते में पूरे दिन की ऊर्जा का 20-25 फीसदी हिस्सा होना चाहिए. हेल्दी ब्रेकफास्ट मोटापा, हृदय रोग, डायबिटीज, बीपी से बचाने के साथ रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है. शरीर में ब्लड ग्लूकोज और एनर्जी लेवल को मेंटेन रखने के लिए उठने के 2 घंटे के अंदर नाश्ता कर लें.

First published: 5 August 2017, 14:09 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी