Home » इंडिया » a human heart transplant in kolkatta, heart was sent from a chartered plane to kolkatta
 

बेंगलुरु से कोलकाता लाया गया जिंदा दिल और बच गई झारखंड के मरीज की जान

कैच ब्यूरो | Updated on: 24 May 2018, 14:46 IST

कोलकाता से एक खबर आई है जो पूर्वी भारत में पहले कभी नहीं हुई. यहां पर उत्तर पूर्वी भारत में पहली बार हृदय प्रत्यारोपण सर्जरी हुई. इसके लिए ह्रदय को बेंगलुरु से चार्टड विमान से मंगाया गया और झारखंड के देवघर जिले का रहने वाले मरीज की जान कोलकाता में बचाई गई. इस सर्जरी को पूरी करने के लिए डॉक्टरों ने मात्र डेढ़ घंटे का समय लगाया.

बता दें कि एक सड़क दुर्घटना में बेंगलुरु के वरुण बीके (21) की मौत हो गयी थी. जिसके बाद डॉक्टरों ने उसे ब्रेन डेड घोषित कर दिया था. लेकिन उनके घरवाले उसके ह्रदय को दान करना चाहते थे इसके लिए उन्होंने चेन्नई के मल्हार फोर्टिस अस्पताल से संपर्क किया लेकिन इस समय पर ऐसा कोई मरीज नहीं था जिसे ह्रदय की जरुरत हो.

फिर जब कोलकाता के फोर्टिस अस्पताल में संपर्क किया तो वहां पर झारखंड के देवघर जिले का रहने वाले पीड़ित 40 वर्षीय दिलचंद सिंह कार्डियोमायोपैथी से भर्ती थे. जब इनके ब्लड ग्रुप की जांच की गई तो पता चला कि वरुण बीके और दिलचंद का ब्लड ग्रुप ए पॉजिटिव ही है. इसके बाद दानकर्ता के हृदय को बेंगलुरु से चार्टेड विमान से सुबह साढ़े 11.30 कोलकाता लाया गया .

फिर अस्पताल में 30 विशेष डॉक्टरों की एक टीम सर्जरी करने में जुट गई और सिर्फ डेढ़ घंटे का समय में  हृदय प्रतिरोपण सर्जरी सफल रही. इस मामले में कोलकाता यातायात पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दानकर्ता का हृदय 10 बजकर 45 मिनट पर कोलकाता के नेताजी सुभाष चंद्र अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचा. इसके बाद इसे ग्रीन कॉरिडोर की मदद से आनंदपुर के फोर्टिस अस्पताल लाया गया और करीब 18 किलोमीटर की इस दूरी को पूरा करने के लिए  22 मिनट में समय लगा. 

ये भी पढ़ें: गुजरात: बारिश के लिए रुपाणी सरकार कराएगी 41 महायज्ञ

First published: 24 May 2018, 14:32 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी