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खट्टर के बाद आदित्यनाथ बोले - UP में भी NRC लागू करने से पीछे नहीं हटेंगे

कैच ब्यूरो | Updated on: 16 September 2019, 12:24 IST

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ का कहना है कि जरूरत पड़ी तो उनकी सरकार राज्य में एनआरसी लागू करने से पीछे नहीं हटेगी. इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार योगी आदित्यनाथ ने असम में NRC को लागू करने के फैसले के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भी बधाई दी. रविवार को हरियाणा के सीएम मनोहर लाला खट्टर ने भी राज्य में एनआरसी लागू करने की बात कही है.

आदित्यनाथ ने एक इंटरव्यू में बताया ''यह अदालत के आदेश को लागू करने का एक महत्वपूर्ण और बहादुर निर्णय है. मेरा मानना है कि हमें इसके लिए प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को बधाई देना चाहिए. इन बातों को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है और मुझे लगता है कि जब उत्तर प्रदेश को NRC की आवश्यकता होगी, हम ऐसा करेंगे. पहले चरण में यह असम लागू हुआ और जिस तरह से इसे वहां लागू किया जा रहा है, यह हमारे लिए एक उदाहरण हो सकता है.”

इससे पहले हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि राज्य में एनआरसी लागू किया जाएगा. खट्टर ने पंचकूला में न्यायमूर्ति (सेवानिवृत) एच एस भल्ला और पूर्व नौसेना प्रमुख सुनील लांबा से उनके आवासों पर मुलाकात करने के बाद यह बात कही. खट्टर की इस बात का पूर्व सीएम हुड्डा ने भी समर्थन किया है. हुड्डा ने कहा- “जो मुख्यमंत्री ने कहा वह कानून है, विदेशियों को जाना होगा. यह सरकार की जिम्मेदारी कि वे उसकी पहचान करे.” असम में जारी एनआरसी की सूची से कई लोगों के नाम गायब थे. भारत के पांचवें राष्ट्रपति फखरुद्दीन अली अहमद के परिवार के चार सदस्यों का नाम भी इस लिस्ट से बाहर रखा गया था.

एनआरसी की अंतिम लिस्ट में पूर्व राष्ट्रपति के भाई के बेटे के परिवार का नाम शामिल नहीं है. साजिद अली अहमद ने कहा ''मेरे दादा का नाम इकरामुद्दीन अली अहमद है और वह पूर्व राष्ट्रपति फखरुद्दीन अली अहमद के भाई हैं. मैं उनका पोता हूं. हम रोंगिया उप-डिवीजन के बरभगिया गांव में रह रहे हैं. हम यहां के स्थानीय निवासी है और हमारे नाम सूचीबद्ध नहीं हैं. हम इसके बारे में चिंतित हैं''. उन्होंने कहा ''हम भारत के पूर्व राष्ट्रपति के परिवार के सदस्य हैं, लेकिन सूची में हमारे नाम गायब हैं."

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First published: 16 September 2019, 12:10 IST
 
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