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पीएम की खरी-खरी के बाद स्वामी को याद आया गीता उपदेश

कैच ब्यूरो | Updated on: 28 June 2016, 11:33 IST
(फाइल फोटो)

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक टेलीविजन चैनल को दिए इंटरव्यू में मिली फटकार के बाद बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी का ताजा ट्वीट आया है. जिसमें स्वामी गीता उपदेश की बात कर रहे हैं.

बीजेपी को अपने बयानों से असहज करने वाले राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इशारों में खरी खरी सुनाई थी. जिसके बाद स्वामी ने श्रीमदभगवद्गीता की राह पकड़ ली. 

सुखे दुखे श्लोक का जिक्र

स्वामी ने मंगलवार सुबह-सुबह ट्विटर पर श्रीकृष्ण के उपदेश को याद करते हुए गीता के श्लोक 'सुखे दुखे...का जिक्र किया. यही नहीं, उन्होंने इसके साथ ही दुनिया में संतुलन के सिद्धांत की भी चर्चा की है.

स्वामी ने ट्विटर पर लिखा, "यह दुनिया एक सामान्य इक्वलिब्रिअम है. पैरामीटर में एक छोटा बदलाव भी सभी वेरीएबल्स को प्रभावित करता है. इसलिए श्रीकृष्ण का उपदेश है सुख दुखे..."

पीएम ने कहा था पब्लिसिटी स्टंट

सुब्रमण्यम स्वामी के लगातार पार्टी लाइन से इतर बयानबाजी के बाद प्रधानमंत्री ने सोमवार को चुप्पी तोड़ते हुए कहा था कि अगर कोई पब्लिसिटी के लिए बयान दे रहा है तो ये गलत है. कोई भी पार्टी से बड़ा नहीं हो सकता.

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अंग्रेजी चैनल टाइम्स नाऊ को दिए इंटरव्यू के दौरान पीएम ने आरबीआई के गवर्नर रघुराम राजन का पक्ष लेते हुए उन्हें खुद की तरह देशभक्त बताया था. साथ ही पीएम ने राजन को शुभकामनाएं दी थीं.

इस बीच स्वामी के बयान से नाराज वित्त मंत्री अरुण जेटली मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करने वाले हैं. स्वामी ने जेटली पर परोक्ष रूप से कई बार हमला बोला है. 

स्वामी ने कुछ दिन पहले कहा था कि विदेश दौरे पर मंत्रियों को टाई सूट नहीं पहनना चाहिए. कोट और टाई में वे वेटर जैसे लगते हैं. इस दौरान वित्त मंत्री जेटली ही विदेश दौरे पर थे.

हालांकि बाद में स्वामी ने सफाई देते हुए कहा था कि वह जेटली के बारे में बात नहीं कर रहे थे. हकीकत में जेटली टाई और कोट में काफी स्मार्ट दिखते हैं. 

स्वामी को चुप रहने की सलाह!

दूसरी ओर, खबर है कि बीजेपी ने सुब्रमण्यम स्वामी को 'चुप रहने' की सलाह दी है. सूत्र बताते हैं कि स्वामी को व्यक्तिगत रूप से नसीहत दी गई है कि वह चुप रहें. 

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स्वामी को अप्रैल में राज्यसभा के लिए बीजेपी द्वारा नामांकित किया गया था. पिछले दिनों बयानबाजी के बाद जेटली की अनुशासन में रहने की सलाह पर स्वामी ने ट्वीट किया था कि अगर वह अनुशासित नहीं रहें, तो खून-खराबा हो जाएगा.

First published: 28 June 2016, 11:33 IST
 
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