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आजम खान को एक और झटका, किसानों को वापस दी जाएगी जौहर यूनिवर्सिटी की कब्जे वाली जमीन

कैच ब्यूरो | Updated on: 24 January 2020, 13:10 IST

Mohammad Ali Jauhar University: आजम खान(Azam Khan) को बड़ा झटका देते हुए रामपुर प्रशासन ने मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी की 104 बीघा जमीन जब्त कर ली थी. अब इस 104 बीघा जमीन को जब्त करने के बाद रामपुर प्रशासन ने इसे उसके आधिकारिक मालिकों यानि किसानों को वापस देने जा रही है. रामपुर प्रशासन ने इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी है. एक दिन पहले ही जिला प्रशासन ने इस जमीन को जब्त किया था.

आलियागंज गांव के किसानों ने समाजवादी पार्टी से लोकसभा सांसद आजम खान के खिलाफ जमीन हड़पने से संबंधित 26 एफआईआर दर्ज कराई थी, अब उन्हें अपनी जमीन वापस मिलेगी. छह किसानों को आज उनकी जमीन वापस दी जाएगी. रामपुर जिले के DM आंजनेय कुमार ने बताया कि विश्वविद्यालय परिसर में 17 किसानों की जमीन हथियाई गई थी.

इसमें वह जमीनें भी शामिल हैं जिसमें 20 किसानों को उनकी जमीन नाम और भूमि संख्या राजस्व रिकॉर्ड में पाए जाने के बाद दिया गया था. प्रयागराज स्थित राजस्व बोर्ड कोर्ट के निर्देश पर प्रशासन द्वारा अधिकार में ली गई 104 बीघा जमीन में यह जमीन शामिल नहीं है. बता दें कि प्रयागराज स्थित रेवेन्यू बोर्ड कोर्ट के निर्देश पर जौहर यूनिवर्सिटी की 104 बीघा जमीन सीज की गई है.

यह यूनिवर्सिटी आजम खान ने बनवाई है. खुद आजम खान यूनिवर्सिटी के कुलाधिपति भी हैं. कथित तौर पर आजम खान ने यूनिवर्सिटी के लिए 17 बीघा जमीन पर कब्जा किया था. आजम खान के खिलाफ मामले में 26 एफआईआर दर्ज हुई थी. एफआईआर में किसानों ने आरोप लगाया था कि पूर्व सर्कल ऑफिसर अलय हसन खान की मदद से आजम खान ने उनकी जमीन हड़पी थी.

यह यूनिर्वर्सिटी साल 2006 में बनी है. यूनिवर्सिटी का कैंपस लगभग 500 एकड़ में फैला है. इसका संचालन मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट द्वारा किया जाता है. प्रयागराज रेवेन्यू बोर्ड कोर्ट ने बताया कि यूनिवर्सिटी की जमीन दलित किसानों के समूह से ली गई है. जमीन की खरीद-फरोख्त में नियमों की धज्जियां उड़ाई गई हैं.

सरकार की तरफ से पेश वकील के अनुसार, उत्तर प्रदेश जमींदारी उन्मूलन और भूमि सुधार अधिनियम के तहत, छोटे दलित किसान अपनी जमीन गैर-अनुसूचित जाति के व्यक्ति को बेच नहीं सकते. उन्होंने बताया कि अगर दलित किसान ऐसा करते हैं तो उन्हें जिला प्रशासन से अनुमति लेनी होगी. आगे बताया गया कि आजम खान द्वारा संचालित जौहर ट्रस्ट ने इसकी अनुमति नहीं ली थी.

आजम खान को सबसे बड़ा झटका, जौहर यूनिवर्सिटी की 104 बीघा जमीन हुई सीज़

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First published: 24 January 2020, 13:10 IST
 
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