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भारत बंद : BJP के दलित नेता उदित राज ने सरकार को दी दलितों के गुस्से को समझने की नसीहत

कैच ब्यूरो | Updated on: 2 April 2018, 14:15 IST

एससी / एसटी अधिनियम के खिलाफ दलित संगठनों के आंदोलन के देशव्यापी असर के बाद राजनीतिक दल भी इसके सियासी फायदे को अपने पक्ष में करने की कोशिश कर रहे हैं. कांग्रेस और आरजेडी ने इस बंद का समर्थन किया है. हालांकि कई बीजेपी के दलित चेहरे बंद के समर्थन में बोलते दिखाई दे रहे हैं. हालांकि सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में एक समीक्षा याचिका दायर कर दी है.

बीजेपी के सांसद उदित राज का कहना है कि रोजगार नहीं मिलने और दलितों के खिलाफ हिंसा के मामलों को लेकर दलितों के मन में असंतोष है. सुप्रीम कोर्ट के फैसले ने दलितों के और भड़का दिया है. हालांकि उदित राज ने कहा कि दलितों का भारत बंद का आह्वान हैरान करने वाला है, क्योंकि इसके पीछे कोई बड़ा नेता नहीं है. उदित राज ने कहा कि सरकार को इस गुस्से को समझने की जरूरत है और इसके बारे में कदम उठाना चाहिए.

 

भारत बंद पर केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान का कहना है कि जब केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार अर्ज़ी दे रही है, तो फिर इस बंद का क्या मतलब है. उन्होंने कहा कि विपक्ष इस पर राजनीति कर रहा है. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने कभी बाबा साहब को भारत रत्न नहीं दिया, लेकिन अब खुद को उनके अनुयायियों की तरह दिखा रही है.

बीजेपी सांसद आरक्षण पर अपनी सरकार के खिलाफ 

यूपी के बहराइच से भाजपा सांसद सावित्री बाई फुले खुले तौर पर अपनी पार्टी के खिलाफ हो गई हैं. उन्होंने आरक्षण को लेकर पार्टी के खिलाफ जंग का ऐलान कर दिया है. फुले ने कहा है कि यदि आरक्षण खत्म करने की साजिश बंद नहीं हुई तो जंग हो जाएगी. इससे पहले फुले ने कहा था कि केंद्र सरकार आरक्षण खत्म करने की साजिश कर रही है.

लखनऊ में आयोजित 'संविधान व आरक्षण बचाओ' रैली में फुले ने मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, "आरक्षण हमें कोई भीख में नहीं मिला है, यह हमारे लिए प्रतिनिधित्व का मामला है. देश का सत्तारूढ़ वर्ग यदि संविधान बदलने की हिमाकत करेगा और आरक्षण खत्म करने की कोशिश करेगा, तो खूनी जंग शुरू हो सकती है."

सोमवार को कई दलित संगठनों द्वारा एससी / एसटी अधिनियम 1989 पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ बुलाई गई हड़ताल नेआते हिंसक रूप ले लिया है. 'भारत बंद' का पंजाब, उत्तर प्रदेश, ओडिशा, झारखंड और अन्य कई हिस्सों में सामान्य जीवन बड़ा असर पड़ा है.

 देश भर में कई जगहों पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हिंसा और झड़पों की सूचना मिली है. खासकर पंजाब से जहां सरकार ने हिंस के उग्र होने पर सुरक्षा की कड़े प्रबंध किये हैं. सरकार ने सीबीएसई कक्षा 10 और कक्षा 12 की परीक्षाएं स्थगित की हैं.

First published: 2 April 2018, 14:13 IST
 
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