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शरद पवार के पीएम उम्मीदवार नीतीश कुमार !

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 April 2016, 21:08 IST

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के अध्यक्ष शरद पवार ने बीजेपी के खिलाफ गठबंधन के लिए नेता के रूप में नीतीश कुमार को सबसे योग्य करार दिया है. पवार ने एक अंग्रेजी अखबार को दिए इंटरव्यू में ये बात कही है.

शरद पवार ने अंग्रेजी अखबार इकोनॉमिक टाइम्स को दिए इंटरव्यू में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की जमकर तारीफ की है. उन्होंने 'तीसरे मोर्चे' के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार को लेकर चुप्पी तोड़ी है.

पवार ने कहा कि नीतीश न सिर्फ सबसे योग्य हैं बल्कि‍ बीजेपी विरोधी दल के नंबर एक नेता भी हैं.पवार के इंटरव्यू पर प्रतिक्रिया देते हुए समाजवादी पार्टी के नेता नरेश अग्रवाल ने पीएम प्रत्याशी के तौर पर मुलायम सिंह यादव का नाम आगे किया.

'2019 अभी दूर है'


नरेश अग्रवाल ने कहा कि ये शरद पवार का विचार हो सकता है, लेकिन हम इससे सहमत नहीं हैं. हमारा मानना है कि गैर बीजेपी-गैर कांग्रेस फ्रंट के लिए मुलायम सिंह यादव ही सबसे बेस्ट नेता हैं.

शरद पवार के बयान पर यूपी की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने भी प्रतिक्रिया दी है. मायावती ने कहा कि 2019 का समय अभी दूर है. अभी ये कहना जल्दबाजी होगी. हमारी पार्टी किस पार्टी के साथ जाएगी ये उसी समय तय किया जाएगा. 

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केंद्रीय मंत्री और कभी नीतीश के सहयोगी रह चुके एलजेपी प्रमुख राम विलास पासवान ने पवार के बयान को मुद्दों से भटकाने वाला बयान करार दिया है.

पासवान ने कहा कि चाहे जो भी कहें शरद पवार, नीतीश कुमार कभी प्रधानमंत्री बनने वाले नहीं हैं. सिर्फ बिहार के मामलों से ध्यान बंटाने के लिए वो ये सब बोल रहे हैं.

वहीं केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने नीतीश कुमार को पहले बिहार संभालने की सलाह दी है. गिरिराज ने कहा कि आज पीएम उम्मीदवार पर नहीं देश के विकास पर बात होनी चाहिए.

'नीतीश का नाम नंबर वन'


अंग्रेजी अखबार से बातचीत में पवार ने कहा कि बिहार में नीतीश की जीत ने उन सभी लोगों को एक सिग्नल दिया, जो कांग्रेस और बीजेपी से नाखुश हैं. आज अगर देश में विपक्ष को एकजुट होना हो और विकल्प देना हो तो नीतीश का नाम नंबर वन होगा.

पवार ने कहा कि कांग्रेस के पास ऐसा कोई नेता नहीं है और मुख्यमंत्री होने के कारण नीतीश के पास 'अथॉरिटी' भी है.

'केजरीवाल को कोई नहीं जानता'


वहीं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर सवाल पूछने पर पवार ने कहा कि केजरीवाल को कोई नहीं जानता. पवार ने कहा कि केजरीवाल बीजेपी विरोधी गठजोड़ में वो भूमिका नहीं निभा सकते, जो नीतीश निभा सकते हैं. 

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साथ ही पवार ने कहा कि नीतीश केंद्रीय मंत्रिमंडल में रहे हैं. वो तीन बार मुख्यमंत्री रह चुके हैं. नीतीश निचले स्तर से उभरने वाले राजनीतिक कार्यकर्ता हैं, जबकि केजरीवाल को कोई नहीं जानता.

सोनिया गांधी की तारीफ

हालांकि पवार ने कहा कि किसी भी बीजेपी विरोधी गठबंधन के लिए कांग्रेस अहम तो है, लेकिन जोड़ने वाली ताकत नीतीश ही होंगे. पवार ने कहा, "विपक्षी दलों में सोनिया गांधी की स्वीकार्यता ज्यादा है. हममें से कुछ लोग उनसे लड़े हैं और हमने उनमें बदलाव देखा है. वो सबकी राय को तवज्जो देने वाली नेता हैं."

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वहीं राहुल गांधी के बारे में किसी तरह की राय देने से इनकार करते हुए पवार ने कहा कि ऐसा करना जल्दबाजी होगी. पवार ने कहा कि अगले तीन वर्षों में राहुल क्या करते हैं, ये देखना अभी बाकी है.

राहुल गांधी की प्रशंसा करते हुए पवार ने कहा कि कांग्रेस उपाध्यक्ष इकलौते नेता हैं, जो ज्यादातर राज्यों में जा रहे हैं. शरद पवार ने इसके साथ ही राहुल गांधी के नेतृत्व वाली मौजूदा कांग्रेस को सोनिया गांधी के मुकाबले कम असरदार माना.

'अगस्ता वेस्टलैंड पर बीजेपी गंभीर नहीं'


शरद पवार ने कहा कि अगस्ता वेस्टलैंड केस की जांच पर बीजेपी गंभीर नहीं है. बीजेपी नेताओं ने उनसे कहा है कि इसमें कुछ खास दम नहीं है. पवार ने कहा, 'आरोप जब पहली बार सामने आए तो मनमोहन सिंह ने तुरंत डील रद्द करने का निर्णय किया था.

पवार ने कहा कि CBI जांच शुरू करवाई गई. 3-4 हेलीकॉप्टर भारत आ गए थे और उन्हें यहीं रोक लिया गया. अब अगर कोई कह रहा है कि इसमें पैसे का अवैध लेनदेन हुआ तो फिर इतनी कार्रवाई कैसे होती?

First published: 29 April 2016, 21:08 IST
 
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