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7 करोड़ की 14 छिपकलियां थैले में भरकर ले जा रहा था तस्कर, BSF ने देखा तो उड़ गए होश

कैच ब्यूरो | Updated on: 10 September 2020, 17:31 IST

BSF caught Rare Lizards: बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स यानि BSF ने पश्चिम बंगाल में भारत-बांग्लादेश सीमा के पास तस्करी कर लाई जा रहीं 14 ऐसी छिपकलियां को पकड़ा है, जिनकी कीमत 7 करोड़ रुपये है. इसका मतलब यह है कि एक छिपकली की कीमत 50 लाख के बराबर है. बीएसएफ ने जब इन छिपकलियों को देखा तो उसके होश उड़ गए.

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बुधवार को बीएसएफ ने पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले में भारत-बांग्लादेश सीमा पर इन छिपकलियों को ले जाते हुए एक तस्कर को पकड़ा है. ये ''टोके गेको'' प्रजाति की 14 छिपकलियां हैं. बीएसएफ के अधिकारियों ने बताया कि इन दुर्लभ प्रजातियों की छिपकलियां अंतरराष्ट्रीय बाजार में करोड़ों रुपये में बिकती हैं.

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अधिकारियों ने बताया कि बीएसएफ के जवानों ने परगुमटी सीमा चौकी पर एक संदिग्ध व्यक्ति को देखा. इस व्यक्ति की हरकतें देखकर ही संदिग्ध लग रही थीं. इसके बाद बीएसएफ के जवानों ने उस व्यक्ति का पीछा करना शुरू किया. जैसे ही उसे यह अंदेशा हुआ, वह छिपकलियों से भरा प्लास्टिक का थैला छोड़कर वहां से भाग गया.

अधिकारियों ने बताया कि ये छिपलियां पेड़ पर रहती हैं. इन्हें वन्यजीव विभाग को सौंप दी गई हैं. वन्यजीव विभाग ने बताया कि ये छिपकलियां एशिया प्रायद्वीप के कुछ हिस्सों में पाई जाती हैं. वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 के तहत इन दुर्लभ प्रजाति कि छिपकलियों को रखना अवैध हैं. इन छिपकलियों का व्यापार करना कानूनन अपराध है. वन्य जीव ने बताया कि ''टोके गेको'' छिपकलियों का इस्तेमाल पारंपरिक औषधियां बनाने में किया जाता है.

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First published: 10 September 2020, 17:31 IST
 
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