Home » इंडिया » Dastar March' to encourage turban wearing among Sikhs
 

सिखों में पगड़ी को बढ़ावा देने के लिए दस्तर मार्च का आयोजन

कैच ब्यूरो | Updated on: 14 April 2016, 12:17 IST

बैसाखी उत्सव मना रहे सिख समाज की ओर से अकाल पूरख फौज ने अमृतसर में दस्तर मार्च का आयोजन किया.

अकाल पूरख की फौज सिखों का एक सामाजिक संगठन है, जो सांस्कृतिक और पारंपरिक मान्यताओं को संजोने का काम करता है. दस्तर मार्च में सैकड़ों सिख युवक और युवतियों ने हिस्सा लिया.

मार्च का उद्देश्य सिखों की युवा पीढ़ी को उनकी प्रथाओं और मान्यताओं से जोड़ने के लिए था. इसके अलावा इस मार्च में पीली पगड़ी पहने बहुत सारे छोटे-छोटे बच्चों ने भी शिरकत की.

sikh

इस दौरान बच्चों को सिखों के पारंपरिक परिधान के बारे में जानकारी दी गई. इसके बाद मार्च पवित्र अकाल तख्त साहब गया. जहां परंपरा के मुताबिक धार्मिक रीतियों का निर्वहन किया गया.

सिखों की मान्यता के मुताबिक दस्तर मार्च को 10वें सिख गुरु गोबिंद सिंह ने शुरू किया था. गुरु गोबिंद सिंह हिमाचल प्रदेश के पौंटा साहिब गुरुद्वारे में चार साल तक रहे. इस दौरान उन्होंने इसी गुरुद्वारे में एक जगह को श्री दस्तर स्थान घोषित किया.

गुरु गोबिंद सिंह इसी जगह पर पगड़ी बांधने की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया करते थे.  

First published: 14 April 2016, 12:17 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी