Home » इंडिया » Death toll rises to 21 in Kashmir valley following protests over Burhan Wanis's killing
 

कश्मीर हिंसा: अब तक 23 लोगों की मौत, गृह मंत्रालय में राजनाथ की अहम बैठक

कैच ब्यूरो | Updated on: 11 July 2016, 16:12 IST
(एजेंसी)

हिजबुल मुजाहिदीन के कमांडर बुरहान वानी के मारे जाने के बाद कश्मीर घाटी में भड़की हिंसा में अब तक 23 लोगों की मौत हो चुकी है. घाटी में हालात अब भी तनावपूर्ण हैं.

शुक्रवार को एनकाउंटर में आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद विरोध प्रदर्शन के दौरान हिंसा में अब तक 200 से ज्यादा लोग घायल हैं.घायलों में 100 से ज्यादा सुरक्षाबल के जवान हैं.

इस बीच तनाव को देखते हुए श्रीनगर के 11 थाना इलाकों में कर्फ्यू जारी है. इसके साथ ही 1200 अतिरिक्त अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है.

लौट रहे हैं अमरनाथ यात्री

घाटी में हिंसा के बाद शनिवार से ही अमरनाथ यात्रा रुकी हुई है. इस बीच अमरनाथ यात्रा पर गए तीर्थयात्रियों ने वापस अपने घर लौटना शुरू कर दिया है.

राज्य सरकार ने फैसला लिया है कि अमरनाथ यात्री जम्मू से बालटाल और पहलगाम नहीं जा सकेंगे. कड़ी सुरक्षा के बीच बालटाल और अन्य स्थानों पर फंसे हुए अमरनाथ यात्रियों को जम्मू क्षेत्र में स्थानांतरित कर दिया गया है.

पढ़ें: बुरहान वानी की मौत कश्मीर घाटी में आतंक का अंत नहीं बल्कि नए दौर की शुरुआत हो सकती है

जम्मू के आईजी दानेश राना का कहना है, "हम जम्मू से बालटाल और पहलगाम मार्गों के लिए अमरनाथ यात्रा की इजाजत देकर जोखिम नहीं ले सकते."

उन्होंने कहा कि जैसे ही घाटी में हालात सुधरेंगे हम यात्रा को जम्मू बेस कैंप से शुरू करने की अनुमति देंगे. आईजी के मुताबिक 8 से 10 हजार अमरनाथ तीर्थयात्री जम्मू में ही फंसे हुए हैं.

अमरनाथ तीर्थयात्री सुमन का कहना है कि जम्मू बेस कैंप में पिछले चार दिन से लोग फंसे हुए हैं. उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही अमरनाथ यात्रा के लिए रास्ता साफ होगा.

हालात पर केंद्र की पैनी नजर

वहीं घाटी के हालात पर केंद्र सरकार की नजर बनी हुई है. रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री ने उच्च स्तरीय बैठक बुलाई. जिसमें गृह सचिव, संयुक्त सचिव (कश्मीर डिवीजन), आईबी चीफ और गृह मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए.

इसके अलावा जम्मू-कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने भी कैबिनेट की बैठक बुलाई और हालात की समीक्षा की. केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह से भी उनकी फोन पर बातचीत हुई.

आठ जुलाई को एनकाउंटर में हिजबुल कमांडर बुरहान मुजफ्फर वानी समेत तीन आतंकियों की मौत के बाद अलगाववादियों ने घाटी में बंद की अपील की थी. इस दौरान दक्षिण कश्मीर के कई इलाकों में हिंसा भड़क उठी.

कश्मीर के कई इलाकों में मोबाइल और इंटरनेट सेवाएं बंद हैं. वहीं तनाव के बाद शनिवार से ही अमरनाथ यात्रा रोक दी गई है.

First published: 11 July 2016, 16:12 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी