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मेट्रो किराए में बढ़ोतरी पर केंद्र और दिल्ली सरकार आमने-सामने

कैच ब्यूरो | Updated on: 8 October 2017, 11:13 IST

डीएमआरसी को दिल्ली सरकार की ओर से दी गई चेतावनी के बाद अब केंद्रीय आवास एवं शहरी विकास मामलों के मंत्री हरदीप सिंह पुरी खुलकर सामने आ गए हैं. उन्होंने कहा है कि मेट्रो रेल के किराये में प्रस्तावित बढ़ोतरी कानून के मुताबिक हो रही है. इसके बावजूद अगर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल किराया बढ़ोतरी को रोकना चाहते हैं तो दिल्ली सरकार को मेट्रो परिचालन में हर साल होने वाले 3000 करोड़ रुपये की भरपाई करनी होगी.

वहीं दिल्ली सरकार मेट्रो में किराए की बढ़ोतरी का पुरज़ोर विरोध कर रही है. डीएमआरसी प्रस्तावित बढ़ोतरी को 10 अक्टूबर से लागू करना चाहती है लेकिन केजरीवाल ने पुरी को हाल ही में चिट्ठी लिखकर कहा था कि छह महीने में दो बार किराया बढ़ोतरी जनता के साथ अन्यायपूर्ण और गैरकानूनी है. केजरीवाल ने इसपर रोक लगाने की मांग की थी.

इसके बाद दिल्ली सरकार के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने डीएमआरसी के प्रबंध निदेशक मंगू सिंह को चेतावनी जारी करते हुए चिट्ठी लिखी थी. मंत्री ने शुक्रवार को लिखी चिट्ठी में कहा था कि डीएमआरसी बोर्ड की बैठकों में दिल्ली सरकार का पक्ष सही तरीक़े से नहीं रखा जा रहा है. अगर ऐसा नहीं किया जाता है तो दिल्ली सरकार कानून के मुताबिक कार्रवाई करने के लिए मजबूर हो जाएगी.

इसके जवाब में अब केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने केजरीवाल को चिट्ठी लिखकर कहा है कि दिल्ली मेट्रो अधिनियम प्रस्तावित किराया बढ़ोतरी को रोकने की इजाजत नहीं देता है. इसके बावजूद अगर केजरीवाल किराया वृद्धि को रोकना चाहते हैं तो दिल्ली सरकार मेट्रो परिचालन में हर साल होने वाले 3000 करोड़ रुपये के नुकसान की भरपाई कर दे.

First published: 8 October 2017, 11:13 IST
 
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