Home » इंडिया » Delhi Violence: PremKant Baghel Save Muslim Neighbour from Fire in Shiv Vihar Battling for Life
 

Delhi Violence: मुस्लिम पड़ोसी को बचाने के लिए आग में कूद गए प्रेमकांत बघेल, बचा लिया सबको, जले 70 फीसदी

कैच ब्यूरो | Updated on: 28 February 2020, 12:36 IST

PremKant Baghel Save Muslim Neighbour from Fire in Shiv Vihar Battling for Life: उत्तर-पूर्वी दिल्ली (North-East Delhi) में नागरिकता संशोधन कानून (Citizenship Amendment Act) को लेकर हुई हिंसा (Delhi Violence) में अब तक 35 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 150 से अधिक लोग अभी भी घायल बताए जा रहे हैं. गुरूवार को उत्तर-पूर्वी दिल्ली के हिंसा ग्रस्त इलाके जैसे जाफराबाद, चांद बाग, शिव विहार, मौजपुर में शांति रही लेकिन तनाव अभी भी बरकरार है.

रिपोर्ट की मानें तो अब इन इलाकों में जनजीवन धीरे-धीरे पटरी पर वापस लौट रहा है. साथ ही इन इलाकों में हुई हिंसा की भयावह तस्वीर भी अब सामने आ रही है. जब इन इलाकों में हिंसा हो रही थी उस दौरान कुछ ऐसे भी लोग थे जिन्होंने मजहब और धर्म से ऊपर उठकर मानवता का साथ दिया. ऐसी ही एक मामले में एक हिंदु व्यक्ति ने पूरी तरह से आग की लपटों में घिरे एक घर में कूदकर अपनी जान जोखिम में डालकर एक मुस्लिम परिवार के लोगों की जान बचाई है.

 

टाइम्स ऑफ इंडिया कि रिपोर्ट के अनुसार प्रेमकांत बघेल शिव विहार में रहते हैं. हिंसा के दौरान दंगाईयों ने उनके पड़ोस में रहने वाले मुस्लिम पड़ोसी के घर में पेट्रोल बम से आग लगा दी थी. जैसे ही प्रेमकांत बघेल ने अपने पड़ोसी का घर जलता देखा वो फौरन उन्हें बचाने के लिए चले गए और आग में फंसे लोगों को बाहर निकालने लगे.

प्रेमकांत बघेल मुस्लिम परिवार के छह लोगों को बाहर निकाल चुके थे लेकिन अब भी उनके दोस्त की मां आग में फंसी हुई थी और आग काफी बढ़ चुकी थी. प्रेमकांत बघेल ने आग की परवाह किए बगैर अपने दोस्त की मां को आग से बाहर निकाला हालांकि इस दौरान वो बुरी तरह से झुलस गए. रिपोर्ट के अनुसार, प्रेमकांत के बताया कि भले ही वो आग में झुलस गए लेकिन उन्हें इस बात की खुशी है कि वो अपने दोस्त की मां को बचाने में सफल हुए.

 

खबर के अनुसार, प्रेमकांत बघेल के भाई सुमित ने बताया कि जब उनके भाई बुरी तरह से जल गए थे तब उन्हें अस्पताल पहुंचाने के लिए किसी ने अपनी गाड़ी नहीं दी थी. इसका कारण था कि शिव विहार, मुस्तफाबाद और खुरेजी में चारों ओर दंगे का मंजर था. इस दौरान लोगों ने लगातार एंबुलेंस को कॉल किया. एंबुलेंस को कॉल करने पर जवाब मिला कि एंबुलेंस  आ रही है लेकिन एंबुलेंस  आई नहीं.

प्रेमकांत बघेल 70 फीसदी जल चुके थे और इसी तरह उन्होंने पूरी रात गुजारी. इसके बाद अगली सुबह उन्हें गुरु तेग बहादुर अस्पताल ले जाया गया जहां उनका उपचार किया गया. खबर के अनुसार अभी प्रेमकांत बघेल की नाजुक हालत बनी हुई है.

Delhi Violence: जानिए कौन हैं एस एन श्रीवास्तव जिन्हें बनाया गया दिल्ली पुलिस का स्पेशल कमिश्नर

Delhi violence: चांद बाग में नाले से मिला आईबी अफसर का शव, पत्थरबाजो ने ली जान

 केजरीवाल सरकार का बड़ा ऐलान, शहीद रतन लाल के परिवार को 1 करोड़ रुपये और नौकरी देने का वादा

First published: 27 February 2020, 19:12 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी