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चुनाव आयोग ने बताया इस दिन होंगे MP, राजस्थान, छत्तीसगढ़, मिजोरम और तेलंगाना में विधानसभा चुनाव

कैच ब्यूरो | Updated on: 6 October 2018, 20:40 IST

चुनाव आयोग ने राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, मिजोरम और तेलंगाना विधानसभा चुनाव की तारीखों को लेकर महत्वपूर्ण ऐलान किया है. चुनाव आयोग ने कहा है कि मिजोरम के विधानसभा का कार्यकाल 15 दिसंबर को समाप्त हो रहा है. इसलिए 15 दिसंबर से पहले इन पांचों राज्यों की चुनाव प्रक्रिया पूरी हो जाएगी. इसके साथ ही पांचो राज्यों में चुनाव आचार संहिता लागू हो गई है. 

मुख्य चुनाव आयुक्त ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर कई महत्वपूर्ण ऐलान किया. उन्होंने बताया कि सबसे पहले चुनाव छत्तीसगढ़ के नक्सली इलाकों में होेंगे. जहां 12 नवंबर को चुनाव होगा. यानि कि छत्तीसगढ़ में पहले फेज का चुनाव 12 नवंंबर को होगा. वहीं दूसरे फेज का चुनाव 20 नवंबर को होगा.

मध्य प्रदेश और मिजोरम में 28 नवंबर को चुनाव होंगे. इन दोनों जगहों पर एक फेज में ही चुनाव होंगे. वहीं राजस्थान और तेलंगाना में 7 दिसंबर को चुनाव होंगे. सारे राज्यों के चुनावों के वोटों की गिनती 11 दिसंबर को होगी. बता दें कि इस समय राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार है. मिजोरम में कांग्रेस की सरकार है. जबकि तेलंगाना में विधानसभा भंग है.

मध्य प्रदेश में विधानसभा की कुल 231 सीटें है. हालांकि इसमें से 230 सीटों पर ही चुनाव होते हैं और बाकी सदस्य को नॉमिनेट किया जाता है. मध्य प्रदेश में 2013 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी को 166, कांग्रेस को 57, बसपा को 4 और अन्य को तीन सीटें मिली थीं. यहां पिछले 15 सालों से भाजपा की ही सरकार है. यहां की सियासी लड़ाई कांग्रेस और बीजेपी के बीच ही मुख्य रूप से है. हालांकि बसपा भी यहां एक बड़ी ताकत है.

इसके अलावा राजस्थान में विधानसभा की 200 सीटें हैं. साल 2013 में हुए विधानसभा के चुनाव में इसमें बीजेपी ने 163 सीटें जीती थी. जबकि कांग्रेस 21 सीटों पर सिमट गई थी, वहीं बसपा को 3, NPP को 4, NUZP को 2 सीटें मिली थीं. इसके अलावा 7 सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने जीत हासिल की थी. राजस्थान में भी मुख्य रूप से मुकाबला कांग्रेस और बीजेपी के बीच ही है. हालांकि कई क्षेत्रीय पार्टियां भी अपनी किस्मत आजमा रही हैं. बसपा और नेशनल पीपल्स पार्टी के अलावा घनश्याम तिवाड़ी ने बीजेपी से बगावत कर अलग भारत वाहिनी पार्टी बनाई है.

वहीं छत्तीसगढ़ में विधानसभा की कुल 90 विधानसभा सीटें हैं. साल 2013 के विधानसभा चुनाव में पीएम मोदी ने यहां जमकर प्रचार किया था. कहा गया था कि तब जाकर बीजेपी को 49 सीटें मिली थीं और रमन सिंह तीसरी बार मुख्यमंत्री बन पाए थे. तब कांग्रेस को 39, बसपा को 1 और अन्य को एक सीट मिली थी. यहां भी पिछले 15 साल से बीजेपी की सरकार है. यहां भी मुख्य मुकाबला बीजेपी और कांग्रेस के बीच ही है. हालांकि इस बार इन दोनों दलों के अलावा कांग्रेस से बगावत कर नई पार्टी कांग्रेस-जोगी बनाने वाले मुखिया अजीत जोगी जोरदार टक्कर दे सकते हैं. बता दें कि उन्होंने बसपा से गठबंधन किया है. इसके अलाव गोंडवाना गणतंत्र पार्टी भी मैदान में है.

 

वहीं मिजोरम की बात करें तो पूर्वोत्तर के इस राज्य में विधानसभा की कुल 40 सीटे हैं. साल 2013 के चुनाव में यहां कांग्रेस ने 34, एमएनएफ ने 5 और और एमपीसी ने 1 सीट जीती थी. हालांकि इस बार बीजेपी भी मैदान में अपनी किस्मत आजमा रही है.

तेलंगाना की बात करें तो वहां विधानसभा की कुल 119 सीटें हैं. यहां पिछली बार चुनाव लोकसभा चुनाव के साथ ही हुआ था. तब केसीआर की पार्टी टीआरएस को बंपर जीत मिली थी. लेकिन मुख्यमंत्री केसीआर ने समय से पहले ही विधानसभा भंग करने की सिफारिश कर दी थी, जिसके बाद विधानसभा चुनाव हो रहे हैं. यहां विधानसभा की 119 सीटें हैं. पिछले बार के चुनाव में 119 सीटों में से टीआरएस को 90 सीटें मिली थी. जबकि कांग्रेस को 13, ओवैसी की पार्टी AIMIM को 7, बीजेपी को 5, टीडीपी को 3 और सीपीआईएम को 1 सीट मिली थी.

First published: 6 October 2018, 15:15 IST
 
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