Home » इंडिया » Hanuman jayanti 2018: Armed railleis ban in west bengal to stop voilence in the state
 

हनुमान जयंती में हिंसा रोकने के लिए बंगाल में हथियार के साथ रैली पर बैन

कैच ब्यूरो | Updated on: 31 March 2018, 8:52 IST

बंगाल रामनवमी उत्सव के दौरान बढ़ती हुई हिंसा के मद्देनजर अगले दो दिनों तक सभी मंदिरों, मस्जिदों और धार्मिक संस्थानों को अतिरिक्त सुरक्षा प्रदान की है और सशस्त्र रैलियों और जुलूस पर प्रतिबंध लगा दिया है.
बीजेपी और विश्व हिन्दू परिषद (VHP) ने हनुमान जयंती के अवसर पर किसी भी बड़ी रैली को नहीं निकालने का फैसला किया है.

दोनों पार्टी और संगठन ने अपने कार्यक्रमों को मंदिर और स्थानीय क्लबों तक सीमित रखने का फैसला किया है. आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नर एलएन मीणा ने कहा, 'हमने प्रदेश में शांति बनाए रखने के लिए कोलकाता और राज्य के अन्य हिस्सों से अतिरिक्त बल बुलवाया है, इस दौरान केवल बिना हथियारों के जुलूस को ही अनुमति होगी.'

ये भी पढ़ें- CBI फिर से चेक करेगी उत्तर प्रदेश पीसीएस (मुख्य) परीक्षा 2015 की कॉपियां

प्रदेश की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गुरुवार को राज्य के डीजीपी, एडीजी (लॉ एंड ऑर्डर), गृह सचिव और मुख्य सचिव के साथ बैठक की और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए.

पश्चिम बंगाल में भाजपा के महासचिव सायंतन बासु ने कहा कि हनुमान जयंती पर पार्टी कोई रैली नहीं निकालेगी. वहीं, राज्य वीएचपी अध्यक्ष सचिंद्रनाथ सिंह ने बताया कि हनुमान जयंती पर रैली निकालने से गलत संदेश जाएगा. हालांकि, सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस ने राज्य के विभिन्न हिस्सों में हनुमान जयंती मनाने का फैसला किया है.लेकिन किसी भी तरह के हथियारों के साथ रैलियां नहीं निकाली जाएगी. हिंसा को रोकने के लिए ये कदम उठाया गया है. ताकि स्तिथि को नियंत्रण में रखा जा सके.

First published: 31 March 2018, 8:52 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी