Home » इंडिया » Hardik Patel granted bail by Gujarat HC in sedition case, on condition of that he will stay out of the state for 6 months
 

गुजरात: हार्दिक पटेल को राजद्रोह मामले में मिली जमानत

कैच ब्यूरो | Updated on: 8 July 2016, 15:29 IST
(फाइल फोटो)

गुजरात में पाटीदार (पटेल) समाज के चर्चित नेता हार्दिक पटेल को जमानत मिल गई है. राजद्रोह के मामले में वो अक्टूबर 2015 से ही जेल में बंद हैं.

गुजरात हाईकोर्ट ने उन्हें सशर्त राहत दी है. अदालत ने इस शर्त के साथ उनकी जमानत मंजूर की है कि वे छह महीने तक राज्य से बाहर रहेंगे. हालांकि अभी जेल से उनकी रिहाई नहीं हो पाएगी, क्योंकि एक और मामले में उन्हें जमानत का इंतजार है.

पाटीदार आरक्षण आंदोलन के अगुवा

गुजरात में पाटीदार समाज के आरक्षण आंदोलन (पाटीदार अनामत संघर्ष समिति) की हार्दिक पटेल अगुवाई कर रहे थे. फिलहाल उनके खिलाफ दो मामले चल रहे हैं. पहला सूरत और दूसरा अहमदाबाद में.

सूरत वाले मामले में उन पर एक व्यक्ति को कथित तौर पर पुलिसकर्मियों की हत्या के लिए उकसाने का आरोप है. वहीं अहमदाबाद के मामले में हार्दिक के साथियों पर लोगों को सरकार के खिलाफ हिंसा करने के लिए उकसाने का केस चल रहा है. 

जेल से रिहाई में अभी अड़चन

पिछले साल हार्दिक को राजद्रोह की धाराओं में केस दर्ज करते हुए पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था. हार्दिक पटेल पर आरोप है कि कथित तौर पर उन्होंने अपने साथियों और लोगों को फोन करके हिंसा के आदेश दिए थे.

इन मामलों में हार्दिक पटेल पर राजद्रोह की धाराएं लगाई गई हैं. हालांकि हार्दिक पटेल अभी जेल से नहीं छूट पाएंगे, क्योंकि विसनगर में हिंसा मामले में उनकी जमानत अर्जी कोर्ट में लंबित है.  

अक्टूबर 2015 में हुई थी गिरफ्तारी

गौरतलब है कि सत्तारूढ़ बीजेपी सरकार के खिलाफ पाटीदार (पटेल) समाज के हिंसक आंदोलन की अगुवाई के लिए 22 वर्षीय हार्दिक पटेल को अक्टूबर 2015 में गिरफ्तार किया गया था. बाद में उन्हें सूरत जेल में रखा गया.

पाटीदार समाज की एक बैठक में भारी जनसमूह के बीच तलवार लहराकर हार्दिक पटेल मीडिया की सुर्खियों में आ गए थे. इसके अलावा पाटीदार आंदोलन से पहले उनकी कंधे पर बंदूक रखे हुए तस्वीर भी सोशल मीडिया पर काफी चर्चित हुई. 

हिंसक हुआ था आरक्षण आंदोलन

हार्दिक पटेल की मांग है कि पाटीदारों को सरकारी नौकरियों और कॉलेज में प्रवेश के दौरान आरक्षण मिलना चाहिए. गुजरात में पाटीदार समुदाय को आम तौर पर आर्थिक रूप से मजबूत माना जाता है, लेकिन उनकी आरक्षण की मांग एक साल से जोर पकड़ती जा रही है.

हार्दिक पटेल की गिरफ्तारी के बाद पाटीदार आंदोलन ने हिंसक रूप ले लिया था और गुजरात के कई शहरों में हिंसा की खबरें आई थी. हार्दिक पटेल ने कोर्ट को भरोसा दिया है कि जेल से रिहाई के बाद वे शांतिपूर्वक तरीके से अपना आंदोलन जारी रखेंगे.

First published: 8 July 2016, 15:29 IST
 
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