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कौन संभालेगा राजन के बाद आरबीआई? रेस में ये 3 नाम हैं सबसे आगे

कैच ब्यूरो | Updated on: 19 June 2016, 21:51 IST
(पीटीआई)

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) के गवर्नर रघुराम राजन के द्वारा आधिकारिक तौर पर दूसरे कार्यकाल से इनकार करने के बाद नए गवर्नर के संभावित नामों की चर्चा अब तेज हो गई है. आरबीआई के गवर्नर बनने से पहले राजन यूनिवर्सिटी ऑफ शिकागो में प्रोफेसर रहे हैं.

मीडिया और उद्योग जगत में इस बात के कयास लगने शुरू हो गए हैं कि कौन होगा राजन का उत्तराधिकारी?

सूत्रों के मुताबिक आरबीआई के गवर्नर पद के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) की चेयरमैन अरुंधति भट्टाचार्य, भारत के मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रह्मण्यम और रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के डिप्टी गवर्नर उर्जित पटेल का नाम दौड़ में सबसे आगे चल रहा है.

इन तीन नामों के अवाला जिन अन्य नामों को इस लिस्ट में जोड़ा जा रहा है वो इस प्रकार हैं. विजय केलकलर, राकेश मोहन, अशोक लाहिड़ी, सुबीर गोकर्ण, अशोक चावला.

गवर्नर रघुराम राजन ने विभाग में अपने सहयोगियों को लिखे एक पत्र में कहा है कि वह जरूरत पड़ने पर देश की सेवा के लिए हमेशा उपलब्ध रहेंगे.

गौरतलब है कि रघुराम राजन को पिछली संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (यूपीए) की मनमोहन सरकार ने सितंबर 2013 में रिजर्व बैंक का गवर्नर नियुक्त किया था.

राजन के दूसरे कार्यकाल के लिए मना किये जाने के बाद उनके प्रबल विरोधी और बीजेपी सांसद सुब्रहमण्यम स्वामी ने शनिवार को कहा कि, 'राजन का फैसला अच्छा है. उनको हटाए जाने के जो कारण मैंने दिए थे, वह सभी सही हैं. उन्हें एहसास हो गया था कि दूसरा मौका नहीं मिलने वाला है. यही वजह है कि उन्होंने खुद ही बयान दे डाला.'

वहीं, स्वामी के उलट वित्त मंत्री अरुण जेटली ने राजन के कार्यों की सराहना करते हुए अपनी प्रतिक्रिया में ट्वीट करके कहा कि 'डॉक्टर रघुराम राजन ने अपना कार्यकाल खत्म होने के बाद पढ़ाई-लिखाई के क्षेत्र में लौटने का फैसला ज़ाहिर किया है, सरकार उनके अच्छे काम की सराहना करती है और उनके निर्णय का सम्मान करती है. उनके उत्तराधिकारी पर निर्णय की घोषणा जल्द ही की जाएगी.'

राजन के दूसरे कार्यकाल के लिए मना करने पर अर्थ जगत ने भी अपनी निराशा जाहिर की है.

कल्याणकारी अर्थशास्त्र के लिए नोबेल विजेता और महान अर्थशास्त्री अमर्त्य सेन ने राजन के फैसले पर दुख जताते हुए कहा कि 'आज भारत दुनिया के सबसे दक्ष आर्थिक विचारकों में से एक को खो रहा है.'

First published: 19 June 2016, 21:51 IST
 
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