Home » इंडिया » Jayalalithaa death probe police asked to off the cctv camera says apollo hospital
 

जयललिता की मौत मामले में हुआ चौंकाने वाला खुलासा, खुद पुलिस के कहने पर हुआ था ये काम

कैच ब्यूरो | Updated on: 7 October 2018, 9:25 IST
(File Photo)

तमिलनाडु की पूर्व मुख्यमंत्री जयललिता की मौत के मामले में खुद पुलिस की स्थिति ही संदिग्ध नजर आ रही है. जयललिता की मौत के मामले में अब एक नया चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. जयललिता की मौत मामले में जांच के लिए जिस आयोग का गठन किया गया था उसकी जांच में एक नई बात सामने आयी है जिससे कि पुलिस की भूमिका पर ही सवाल उठाने लगे हैं. जांच कर रहे आयोग से अपोलो अस्पताल ने कहा है, ''पुलिस के निर्देश पर ही हॉस्पिटल के भीतर पूर्व मुख्यमंत्री की आवाजाही के दौरान गलियारे का सीसीटीवी कैमरा बंद कर दिया गया था.''

अस्पताल की ओर से कानूनी प्रबंधक एस एम मोहन कुमार ने एक हलफनामे में न्यायमूर्ति ए अरूमुगास्वामी जांच आयोग को ये बताया, ''अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनाये जाने वाले चलन को देखते हुए अस्पताल में उपचार कक्ष, आईसीयू या सीसीयू में सीसीटीवी कैमरा नहीं है.''

MP: राहुल गांधी के रोड शो में हुआ धमाका, आग की लपटों के करीब से गुजरे कांग्रेस अध्यक्ष

 

अस्पताल की ओर से वकील वकील मैमूना बादशा ने कहा कि अस्पताल में सुरक्षा का ध्यान रखते हुए गलियारें और प्रवेश द्वार पर सीसीटीवी कैमरा लगा हुआ था. आगे उन्होंने कहा, ‘‘अस्पताल के भीतर डायग्नोस्टिक परीक्षण जैसे स्कैन के लिए दिवंगत मुख्यमंत्री को जब भी कमरे से बाहर ले जाया गया, उस समय उस रास्ते के कैमरा को स्विच ऑफ कर दिया गया था’’. उन्होंने कहा कि पुलिस महानिरीक्षक (खुफिया) के एन सत्यमूर्ति सहित पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर ऐसा किया गया था.

अस्पाताल की तरफ से आए इस बयान के बाद से पुलिस की भूमिका पर ही सवाल उठने लगे हैं. जब अस्पताल में सीसीटीवी कैमरे थे तो गलियारों का सीसीटीवी कैमरा बंद करने के निर्देश क्यों दिए गए. सुरक्षा की दृष्टि से अस्पताल में जब सूबे की पूर्व मुख्यमंत्री का इलाज चल रहा हो तो ऐसे में सीसीटीवी कैमरा बंद करने का आदेश क्यों दिया गया?

First published: 7 October 2018, 9:25 IST
 
अगली कहानी