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BJP के 11वें राष्ट्रीय अध्यक्ष बने जेपी नड्डा, साधारण कार्यकर्ता से पहुंचे सबसे बड़ी कुर्सी तक

कैच ब्यूरो | Updated on: 20 January 2020, 15:12 IST

JP Nadda BJP President: जगत प्रकाश नड्डा भारतीय जनता पार्टी के पूर्णरूपेण अध्यक्ष के रूप में चुन लिए गए हैं. साल 1980 में बीजेपी के उदय के बाद से अब तक पार्टी को 11 अध्यक्ष मिल चुके हैं. सोमवार को पार्टी मुख्यालय में जेपी नड्डा के अध्यक्ष बनने की घोषणा हुई. नड्डा को आम सहमति से बीजेपी अध्यक्ष चुना गया.

59 वर्षीय नड्डा को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह का बेहद करीबी माना जाता हैं. मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में जेपी नड्डा स्वास्थ्य मंत्री थे. उन्हें मई 2019 में बीजेपी के दोबारा सत्ता में आने के बाद पा र्टी का कार्यकारी अध्यक्ष चुना गया था. पार्टी के पूर्व अध्यक्ष अमित शाह को गृह मंत्री बनाए जाने के बाद नड्डा को कार्यकारी अध्यक्ष बनाने का निर्णय लिया गया था. 

साल 1980 में भारतीय जनता पार्टी का गठन हुआ था. पार्टी के पहला राष्ट्रीय अध्यक्ष देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को चुना गया था. उन्होंने साल 1980 से 1986 तक पार्टी के अध्यक्ष की कमान संभाली थी. अटल बिहारी वाजपेयी के बाद पार्टी के दूसरे राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में पूर्व उप-प्रधानमंत्री लाल कृष्ण आडवाणी को चुना गया था. वह 1986 से 1990 तक पार्टी के अध्यक्ष थे.

भाजपा के अगले राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में मुरली मनोहर जोशी का चुनाव हुआ था. उन्होंने साल 1991 से लेकर साल 1993 तक पार्टी का नेतृत्व किया था. इसके बाद कुशाभाऊ ठाकरे, बंगारू लक्ष्मण, के. जनाकृष्णमूर्ति, वैंकेया नायडू, राजनाथ सिंह, नितिन गडकरी तथा अमित शाह पार्टी के अध्यक्ष पद की भूमिका संभाल चुके हैं.

साधारण कार्यकर्ता से बने राष्ट्रीय अध्यक्ष

जेपी नड्डा पार्टी के एक साधारण कार्यकर्ता से पार्टी की सबसे बड़ी कुर्सी तक पहुंचे हैं. कॉलेज के दिनों से ही वह काफी प्रभावी र हे हैं. उन्हें संगठन के मुश्किल से मुश्किल कामों को आसानी से सुलझाने में माहिर माना जाता था. नड्डा का जन्म 2 दिसंबर, 1960 को बिहार की राजधानी पटना में हुआ था. उन्होंने जेपी आंदोलन से प्रभावित होकर छात्र राजनीति में कदम रखा.

मात्र 16 साल की उम्र में ही नड्डा ने बिहार में स्टूडेंट मूवमेंट में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया था. छात्र राजनीति में सक्रिय होकर वह एबीवीपी के साथ जुड़े. इसके बाद साल 1977 में वह पटना यूनिवर्सिटी के छात्रसंघ सचिव बने. लगातार 13 साल तक विद्यार्थी परिषद में सक्रिय रहने के बाद उन्होंने 1993 में हिमाचल प्रदेश से देश की राजनीति में कदम रखा.

हिमाचल के बिलासपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़कर वह विधानसभा पहुंचे और नेता विपक्ष चुने गए. साल 2012 में पार्टी ने उन्हें राज्यसभा भेजा. मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में उन्होंने देश के स्वास्थ्य मंत्री का जिम्मा संभाला. इसके बाद वह बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाए गए.

First published: 20 January 2020, 15:10 IST
 
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