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गौरी लंकेश हत्याकांड : 'मुझसे कहा गया, धर्म को बचाने के लिए मुझे किसी को मारना है'

कैच ब्यूरो | Updated on: 16 June 2018, 10:26 IST

पत्रकार और कार्यकर्ता गौरी लंकेश हत्याकांड में गिरफ्तार किये गए एक शख्स ने एसआईटी के सामने स्वीकार किया है कि उसने ही गोरी लंकेश को गोली मारी थी. एसआईटी ने परशुराम वाघमारे को इसी हफ्ते कर्नाटक के विजयपुरा से गिरफ्तार किया था. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार 26 वर्षीय वाघमारे ने एसआईटी के सामने दावा किया कि जब 5 सितंबर 2017 को बेंगलुरु के आरआर नगर स्थित घर के सामने गौरी पर एक के बाद एक चार गोलियां चलाई तो उसे पता नहीं था कि वह किसे मार रहा है.

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सूत्रों का कहना है कि एसआईटी के सामने वाघमारे ने कहा, 'मुझे मई 2017 में कहा गया था कि अपने धर्म को बचाने के लिए मुझे किसी को मारना है. मैं तैयार हो गया. मुझे पता नहीं था कि वह कौन हैं लेकिन अब मुझे लग रहा है उन्हें मारना नहीं चाहिए था.

एक अन्य रिपोर्ट के अनुसार एसआईटी के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘वाघमारे ने गौरी को गोली मारी और फॉरेंसिक जांच से पुष्टि होती है कि (तर्कवादी) गोविंद पानसरे, एमएम कलबुर्गी और गौरी की हत्या एक ही हथियार से की गई.’


रिपोर्ट्स के अनुसार वाघमारे ने यह भी खुलासा किया कि उसे एयरगन चलाने की ट्रेनिंग के लिए 3 सितंबर को बेंगलुरु ले जाया गया था. उसने कहा 'मुझे पहले एक घर में ले जाया गया. वहां से मुझे बाइक पर एक आदमी के साथ गौरी का घर दिखाने के लिए भेजा गया. अगले दिन मुझे दूसरे रूम में ले जाया गया, जहां से हम फिर से गौरी के घर गए। मुझे उसी दिन हत्या करने को कहा गया लेकिन जब तक हम वहां पहुंचे तब तक गौरी घर के अंदर जा चुकी थीं.'

वाघमारे से पहले पुलिस ने पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या के मामले में पुलिस पहले ही पांच लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है. पिछले हफ्ते एक बेंगलुरु अदालत को प्रस्तुत की गई एक फोरेंसिक रिपोर्ट ने कहा कि गौरी लंकेश और कन्नड़ लेखक एमएम कालबर्गी को मारने के लिए एक ही बन्दूक का इस्तेमाल किया गया था.

रिपोर्ट में कहा गया है कि कन्नड़ स्कॉलर एम एम कलबुर्गी और पत्रकार-कार्यकर्ता गौरी लंकेश की हत्या में एक जैसी 7.65 एमएम की बंदूक का इस्तेमाल हुआ था. यह रिपोर्ट गौरी लंकेश हत्या मामले में एसआईटी द्वारा दायर आरोपपत्र से जुड़ी हुई है.
 
ऐसा पहली आर हुआ है जब इन दोनों हत्याओं में सरकारी एजेंसी ने संबंधों का आधिकारिक संकेत दिया है. इस मामले में चार्जशीट 30 मई को मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत के समक्ष पेश की गई थी.
First published: 16 June 2018, 10:18 IST
 
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