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Ladakh standoff: भारत-चीन के बीच बुधवार को अनिर्णायक रही पैंगोंग त्सो तनाव पर बातचीत

कैच ब्यूरो | Updated on: 3 September 2020, 9:48 IST

LAC पर विवाद के बीच चुशुल में भारत और चीन के बीच बुधवार को ब्रिगेडियर-स्तरीय वार्ता का तीसरा दिन अनिर्णायक रहा. इस वार्ता में पैंगोंग त्सो के दक्षिणी तट की स्थिति पर बातचीत की जा रही थी. एक रिपोर्ट के अनुसार सेना के एक सूत्र ने पुष्टि की कि गुप्त विशेष फ्रंटियर फ़ोर्स secretive Special Frontier Force (SFF) का एक सैनिक 30 अगस्त को क्षेत्र में गश्त के दौरान एक एक्सीडेंटल माइन विस्फोट (accidental mine explosion) में शहीद हो गया. रक्षा सूत्र ने कहा "पैंगोंग तनाव पर चल रही वार्ता बुधवार को अनिर्णायक रही और गुरुवार को भी जारी रहेगी." यह वार्ता महत्वपूर्ण है क्योंकि चुशुल सेक्टर में अभी भी तनाव बढ़ रहा है, दोनों पक्षों की बड़ी संख्या में सेनाएं विवादित सीमा के साथ एक-दूसरे के बहुत करीब हैं.

सेना के सूत्र ने कहा कि कमांडो यूनिट SFF, जिसे विकास बटालियन भी कहा जाता है, से कंपनी लीडर नईमा तेनज़िन एक धमाके में मारे गए थे, जब उन्होंने गश्त के दौरान 1962 की एक माइनफील्ड पर कदम रखा. इस हादसे में एक सैनिक घायल हो गया. सूत्र ने बताया कि यह पैंगोंग त्सो में चीनी कार्रवाई के कारण नहीं हुआ. हाल ही की कार्रवाई में 29 और 30 सितंबर को LAC (वास्तविक नियंत्रण रेखा) के भारतीय हिस्से पर चोटियों पर हावी होने के लिए SFF के इस्तेमाल की खबरें आई हैं. हालांकि सेना की ओर से इस पर कोई टिप्पणी नहीं की गई है.


रिपोर्ट के अनुसार एक दूसरे सूत्र ने बताया कि 29 अगस्त को पीएलए के सैनिक रेजांग ला की तरफ आए लेकिन उन्हें पीछे धकेल दिया गया. मंगलवार को विदेश मंत्रालय ने कहा कि चीनी सैनिकों ने 31 अगस्त को एक बार फिर विवादित सीमा के साथ उकसावे वाली कार्रवाई की थी, जबकि ब्रिगेडियर स्तर की वार्ता जारी थी. लद्दाख में पैंगोंग त्सो साउथ बैंक पर में लगाए गए निगरानी कैमरों ने 29 और 30 अगस्त की रात को क्षेत्र में चीनी सैनिकों के मूवमेंट को कैद किया है.

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द हिन्दू की एक रिपोर्ट के अनुसार एक अधिकारी ने कहा कि शक्तिशाली निगरानी उपकरण (surveillance equipment) के कारण क्षेत्र में दूर से सैनिकों की भीड़ और आवाजाही का पता लगाया जा सकता है. रिपोर्ट के अनुसार सोमवार को सेना ने एक बयान में कहा कि उसने दक्षिणी बैंक ऑफ पैंगॉन्ग त्सो (झील) से पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) गतिविधियों को हटा दिया है.

लद्दाख : पैंगोंग त्सो पर निगरानी कैमरों में कैद हुई चीनी सैनिकों की हरकतें

First published: 3 September 2020, 8:59 IST
 
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