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केंद्रीय कर्मचारियों के 'अच्छे दिन', सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों पर मुहर

कैच ब्यूरो | Updated on: 11 February 2017, 6:43 IST

मोदी कैबिनेट की आज हुई एक अहम बैठक में 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने का फैसला लिया गया है. जानकारी के मुताबिक सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के तहत ज्यादा वेतनमान देने की कैबिनेट ने मंजूरी दी है. कैबिनेट ने सातवें वेतन आयोग से ज्यादा वेतन वृद्धि के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है. 

यह बढ़ा वेतनमान 1 जनवरी 2016 से लागू होगा. जानकारी के अनुसार अब करीब 15-25 दिनों में सभी विभाग अपने अपने कर्मचारियों के वेतनमान तय कर लेंगे और कहा जा रहा है कि जुलाई में मिलने वाले वेतन में पूरा एरियर और बढ़ा वेतन दिया जाएगा.

इस फैसले का फायदा 1 करोड़ से ज्यादा सरकारी कर्मचारियों और पेंशनधारियों को मिलेगा. इससे पहले सातवें वेतन आयोग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी कर्माचारियों की बेसिक सैलरी में 14.27 फीसदी बढ़ोतरी की सिफारिश की थी.

साथ ही आयोग ने एंट्री लेवल सैलरी 7,000 रुपये प्रति महीने से बढ़ाकर 18,000 रुपये प्रति महीने करने का प्रस्ताव सरकार के सामने रखा था. नई सैलरी के साथ ही सरकारी कर्मचारियों को 6 महीने का एरियर भी मिलेगा.

एक करोड़ लोगों को फायदा

  • सातवें वेतन आयोग ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में 14.27 फीसदी बढ़ोत्तरी की सिफारिश की थी.

  • माना जा रहा है कि कैबिनेट बैसिक सैलरी में 18 से 20 फीसदी तक की बढ़ोत्तरी के प्रस्ताव को मंजूरी दे सकती है.

  • इसका फायदा 50 लाख सरकारी कर्मचारियों और 58 लाख पेंशनधारियों को मिलेगा.

  • नई सैलरी 1 जनवरी 2016 से लागू होगी, यानी सरकारी कर्मचारियों को छह महीने का एरियर मिलेगा.

  • कैबिनेट तय करेगी कि एरियर एक मुश्त दिया जाए या किश्तों में दिया जाए.

  • सातवें वेतन आयोग ने इंट्री लेवल सैलरी 7,000 रपये प्रति महीने से बढ़ाकर 18,000 रुपये प्रति महीने करने का प्रस्ताव सरकार के सामने रखा है.

  • कैबिनेट सचिव की मौजूदा सैलरी 90,000 से बढ़ाकर 2.50 लाख रुपये करने की सिफारिश की है.

First published: 29 June 2016, 12:08 IST
 
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