Home » इंडिया » Modi Government accepted that Relations between China in a very delicate period
 

सरकार ने कहा- चीन से संबंध बेहद नाजुक दौर में, दलाई लामा के कार्यक्रम में शामिल न हों

कैच ब्यूरो | Updated on: 2 March 2018, 11:10 IST

केंद्र मे सत्तानीश मोदी सरकार ने प्रत्यक्ष रूम में स्वीकार किया है कि भारत के संबंध इस समय चीन के साथ बेहद नाजुक दौर में है. सरकार ने इसके लिए एक नोट जारी कर यह भी कहा है कि चीन से अच्छे संबंध न होने की वजह से हमें तिब्बत के आध्यात्मिक गुरू और नेता दलाई लामा के कार्यक्रमों में जाने से बचना चाहिए.

केंद्र की मोदी सरकार ने केंद्र और राज्य कर्मचारियों तथा वरिष्ठ नेताओं इस साल मार्च के अंत और अप्रैल के शुरुआत में होने वाली 'थैंक यू इंडिया' कार्यक्रम में शामिल न होने की हिदायत दी है. सरकार ने इसी संबंध में एक सूचना भी जारी की है.

 

बीजिंग में भारतीय एंंबेसडर रहे गोखले ने इस बाबत सिन्हा से केंद्र और राज्य सरकार के सभी मंत्रालयों व विभागों में एक नोट जारी करने की दरख्वास्त की था. यह दरख्वास्त इसलिए थी ताकि तिब्बत संबंधी कार्यक्रम में कोई हिस्सा न ले.

नोट में विदेश सचिव ने कहा था, 'हम समझते हैं कि ‘थैंक यू इंडिया’ बड़ा कार्यक्रम होने वाला है, जो दिल्ली के त्यागराज स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स में एक अप्रैल को होगा. दलाई लामा इसमें कई भारत के गणमान्य लोगों को बुलाएंगे. मगर यह दौर चीन को ध्यान में रखकर देखा जाए, तो बेहद नाजुक होगा. ऐसे में वरिष्ठ नेताओं और सरकारी कर्मचारियों का इसमें हिस्सा लेना उचित नहीं होगा और यह हमें निराश करेगा.'

 

22 फरवरी को जारी इस सूचना को विदेश सचिव विजय गोखले ने कैबिनेट सचिव पीके सिन्हा को भेजा था. इसके चार दिनों बाद सिन्हा ने इस बारे में वरिष्ठ नेताओं और सरकारी कर्चमारियों को जानकारी दी थी. सिन्हा ने सभी नेताओं और कर्मचारियों से दलाई लामा के कार्यक्रम में हिस्सा न लेने के लिए कहा था.

गौरतलब है कि चीन तिब्बत के आध्यात्मिक गुरु को खतरनाक अलगाववादी नेता बताता आया है.

First published: 2 March 2018, 11:03 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी