Home » इंडिया » Nabam Tuki resigns as Arunachal Pradesh CLP leader, Pema Khandu elected as the new Congress Legislature Party leader: Sources
 

अरुणाचल में कांग्रेस का पैंतरा, तुकी का इस्तीफा पेमा खांडू विधायक दल के नेता

कैच ब्यूरो | Updated on: 16 July 2016, 12:23 IST

अरुणाचल प्रदेश में पेमा खांडू को कांग्रेस विधायक दल का नया नेता चुना गया है. मुख्यमंत्री नबाम तुकी को राज्यपाल ने आज दोपहर दो बजे तक बहुमत साबित करने का समय दिया है.

कठिन सत्ता समीकरणों को देखते हुए कांग्रेस ने नया दांव खेला है. नबाम तुकी ने इससे पहले कांग्रेस विधायक दल के नेता के पद से इस्तीफा दे दिया. इसके बाद पेमा खांडू को कांग्रेस विधायक दल का नया नेता चुना गया.

नबाम तुकी के इस्तीफे के साथ ही पेमा खांड़ू ने राज्य में नई सरकार बनाने का दावा पेश किया है.

44 विधायकों के समर्थन का दावा

इस बीच कांग्रेस ने बहुमत परीक्षण से पहले 44 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. अरुणाचल प्रदेश कांग्रेस के नेताओं ने राज्यपाल ज्योति प्रसाद राजखोवा से मुलाकात की है. 

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष, नबाम तुकी, पेमा खांडू और जय कुमार ने राज्यपाल से मुलाकात के दौरान 44 विधायकों के समर्थन का पत्र भी सौंपा है.

अरुणाचल में आज शक्ति परीक्षण

अरुणाचल प्रदेश में तेजी से बदलते सियासी घटनाक्रम के बीच कांग्रेस वहां सदन में शक्ति परिक्षण करने जा रही है. इससे पहले मुख्यमंत्री नाबाम तुकी ने सदन में बहुमत साबित करने के लिए 10 दिनों की मोहलत मांगी थी, लेकिन राज्यपाल ने इससे इनकार कर दिया था.

राज्यपाल के इस रुख के बाद कांग्रेस ने राज्य में अपनी सरकार बचाने के लिए नई रणनीति बनाई है, जिसमें तुकी की जगह अब पेमा खांडू सदन में बहुमत साबित करेंगे. दरअसल कांग्रेस के 20 बागी विधायकों ने संकेत दिए हैं कि पार्टी अगर नेतृत्व में परिवर्तन करती है, तो वह बगावती तेवर छोड़ पार्टी में वापस लौट सकते हैं.

बागी विधायक देंगे कांग्रेस का साथ!

अगर ये विधायक सदन में कांग्रेस का समर्थन करते हैं तो 60 सदस्यीय विधानसभा में पार्टी के पास 35 विधायकों का समर्थन होगा और इस तरह वह आसानी से बहुमत साबित कर लेगी. 

इससे पहले शुक्रवार दोपहर तुकी ने शक्ति परिक्षण के लिए राज्यपाल से 10 दिनों का वक्त मांगा था. वहीं अरुणाचल विधानसभा अध्यक्ष नाबाम रबिया ने संकेत दिए थे कि वह सदन में शक्ति परिक्षण की स्थिति में नहीं हैं.  

सुप्रीम कोर्ट से केंद्र को झटका

गौरतलब है कि इससे पहले अरुणाचल प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट की पांच जजों की संविधान पीठ ने अहम फैसला सुनाते हुए केंद्र की बीजेपी सरकार को बड़ा झटका दिया था.

सुप्रीम कोर्ट ने अरुणाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार बहाल करते हुए राज्यपाल के फैसलों को असंवैधानिक करार दिया था. कोर्ट के फैसले के बाद कांग्रेस के बागी कलिको पुल की सरकार की जगह नबाम तुकी ने मुख्यमंत्री के रूप में कामकाज संभाल लिया था.

First published: 16 July 2016, 12:23 IST
 
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