Home » इंडिया » National Investigation Agency Amendment Bill, 2019 passed in Lok Sabha
 

अब आतंकवादियों की खैर नहीं, लोकसभा में NIA बिल पास, पक्ष में 278 जबकि विपक्ष में पड़े मात्र 6 वोट

कैच ब्यूरो | Updated on: 15 July 2019, 19:02 IST

लोकसभा में नेशनल इन्वेस्टिगेटिव एजेंसी संशोधन विधेयक 2019 आज बहुमत से पास हो गया. प्रस्ताव के पक्ष में 278 वोट पड़े जबकि इसके खिलाफ मात्र 6 वोट पड़े. राष्ट्रीय अन्वेषण अधिकरण संशोधन विधेयक 2019 को भारत से बाहर किसी अनुसूचित अपराध के संबंध में मामले का पंजीकरण करने और जांच का निर्देश देने का प्रावधान किया गया.

विधेयक पर चर्चा का जवाब देते हुए गृह राज्यमंत्री जी किशन रेड्डी ने कहा कि देश को आतंकवाद के खतरे से निपटाने में एनआईए संशोधन विधेयक का उद्देश्य जांच एजेंसी को राष्ट्रहित में मजबूत बनाना है. गृहमंत्री अमित शाह ने NIA बिल पेश करने के लिए अपनी बात रखी.

 

अमित शाह ने कहा कि पोटा कानून को यूपीए सरकार में भंग किया गया था. पोटा से ही आतंकवाद से देश को बचाया जाता था. पोटा की वजह से आतंकवादियों में भय था और देश के सीमाओं की रक्षा होती थी. लेकिन यूपीए सरकार ने इस कानून को साल 2004 में आते ही भंग कर दिया था.

अमित शाह ने कहा कि यूपीए सरकार द्वारा पोटा को भंग करना उचित नहीं था. सुरक्षा बल के पूर्व अधिकारी भी मानते हैं. इसकी वजह से आतंकवाद बढ़ा और आज स्थिति काबू में नहीं रही. तब एनआईए लाया गया था.

 

शाह ने कहा, "आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई करने वाली किसी एजेंसी को और ताकत देने की बात हो और सदन एक मत न हो, इससे आतंकवाद फैलाने वालों का मनोबल बढ़ता है. मैं सभी दलों के लोगों से कहना चाहता हूं कि ये कानून देश में आतंकवाद से निपटने में सुरक्षा एजेंसी को ताकत देगा."

World Cup 2019: सेमीफाइनल में हार से विराट कोहली से कप्तानी छीन सकता है BCCI, इन्हें मिल सकती है कमान

'पश्चिम बंगाल में CPM, कांग्रेस और TMC के 107 विधायक जल्द ही BJP में होंगे शामिल'

First published: 15 July 2019, 19:02 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी