Home » इंडिया » Nirav Modi declared fugitive economic offender under Fugitive Economic Offenders Act
 

नीरव मोदी भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित, PNB से 13,500 करोड़ के घोटाले का आरोपी

कैच ब्यूरो | Updated on: 5 December 2019, 15:35 IST

साल 2017 में पंजाब नेशनल बैंक (Punjab National Bank) में हुई 13,500 करोड़ रुपये की बड़ी धोखाधड़ी(Bank Fraud) मामले में मुख्य आरोपी नीरव मोदी(Nirav Modi) को बड़ा झटका लगा है. विशेष पीएमएलए (धन शोधन निवारण अधिनियम) अदालत ने हीरा कारोबारी नीरव मोदी को भगोड़ा आर्थिक अपराधी(Fugitive Economic Offender) घोषित किया है. भारतीय जांच एजेंसियों(Indian Investigative Agencies) के लिए यह बड़ी खबर माना जा रहा है.

ईडी के विशेष अधिवक्ता ने बताया कि विजय माल्या के बाद भगोड़ा आर्थिक अपराध अधिनियम (एफईओए) के अंतर्गत नीरव मोदी भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित होने वाला दूसरा अभियुक्त बन गया है. विजय माल्या को इसी साल जनवरी में मुंबई स्थित विशेष अदालत ने भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित किया था.

इससे एक दिन पहले उसके मामा और घोटाले के सह आरोपी मेहुल चोकसी को बंबई हाईकोर्ट ने बड़ा झटका दिया था. बंबई हाईकोर्ट ने विशेष पीएमएलए कोर्ट की कार्यवाही पर रोक लगाने की याचिका को खारिज कर दिया था. पीएमएलए कोर्ट में ईडी पिछले काफी समय से नीरव मोदी को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करने की मांग कर रही है.

एक दिन पहले विशेष पीएमएलए न्यायाधीश वी.सी. बार्डे ने कहा था कि सीआरपीसी की धारा 82 के अंतर्गत परिकल्पित घोषणा जारी की जाएगी, क्योंकि आरोपी फरार हो गए. इसके अलावा विशेष अदालत ने नीरव मोदी, उसके भाई निशाल मोदी तथा सुभाष परब को 15 जनवरी तक पेश होने का आदेश दिया है. इन तीनों को ही सीबीआई ने भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करने के लिए अगस्त में याचिका दायर की थी.

फिलहाल नीरव मोदी लंदन की जेल में बंद है. वह इसी साल मार्च में गिरफ्तार हुआ था. तीनों आरोपियों नीरव मोदी, निशाल मोदी और सुभाष परब के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए जा चुके हैं. नीरव मोदी के अलाव अगर दोनों अपराधी विशेष अदालत के समन का पालन नहीं करते हैं तो उन्हें भी भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित कर दिया जाएगा.

'चिदंबरम जब वित्त मंत्री थे तब उन्होंने PM मोदी और अमित शाह के खिलाफ दर्ज करवाए थे झूठे मामले'

कर्नाटक उपचुनाव: 15 विधानसभा सीटों पर मतदान शुरू, BJP के लिए करो या मरो की स्थिति

First published: 5 December 2019, 15:30 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी