Home » इंडिया » One Rupee 100 birthday special, one rupee Note turns 100 today a look back at its journey
 

100 साल का हुआ एक रुपया नोट, जानें इसके छपने की दिलचस्प कहानी

कैच ब्यूरो | Updated on: 30 November 2017, 11:26 IST

एक रुपया नोट ने आज 100 साल पूरे कर लिए हैं. जी हां, 30 नवंबर, 1917 को पहला 1 रुपया नोट जारी किया गया था और आज इसकी 100वीं वर्षगांठ है.

दिलचस्प है इसकी छपार्इ का किस्सा

काफी कम लोग ये जानते हैं कि एक रुपया नोट को मजबूरी में छापा गया था. पहले विश्वयुद्ध के दौरान देश में हुकूमत थी अंग्रेजों की. उस दौरान एक रुपया का सिक्का चला करता था जो चांदी का हुआ करता था लेकिन युद्ध के चलते सरकार चांदी का सिक्का ढालने में असमर्थ हो गई और इस प्रकार 1917 में पहली बार एक रुपया का नोट लोगों के सामने आया.

इस नोट की छपाई को पहली बार 1926 में बंद किया गया क्योंकि इसकी लागत अधिक थी. इसके बाद इसे 1940 में फिर से छापना शुरू कर दिया गया जो 1994 तक जारी रहा. बाद में इस नोट की छपाई 2015 में फिर शुरू की गई.

भारत सरकार करती है इसकी छपार्इ

इस नोट की सबसे खास बात यह है कि इसे अन्य भारतीय नोटों की तरह भारतीय रिजर्व बैंक जारी नहीं करता बल्कि खुद भारत सरकार ही इसकी छपाई करती है. इस पर रिजर्व बैंक के गवर्नर का हस्ताक्षर नहीं होता बल्कि देश के वित्त सचिव का दस्तखत होता है.

इतना ही नहीं कानूनी आधार पर यह एक मात्र वास्तविक मुद्रा नोट (करेंसी नोट) है बाकी सब नोट प्रॉमिसरी नोट होते हैं जिस पर धारक को उतनी राशि अदा करने का वचन दिया गया होता है.

पहले एक रुपया के नोट पर ब्रिटिश सरकार के तीन वित्त सचिवों के हस्ताक्षर थे. ये नाम एमएमएस गुब्बे, एसी मैकवाटर्स और एच डेनिंग थे. आजादी से अब तक 18 वित्त सचिवों के हस्ताक्षर वाले एक रुपया नोट जारी किए गए हैं.

First published: 30 November 2017, 9:35 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी