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ईरानी, विज, शर्मा: सप्ताह की शुरुआत, विवाद और तकरार के साथ

कैच ब्यूरो | Updated on: 29 August 2016, 15:11 IST
(फाइल फोटो)
QUICK PILL
  • केंद्रीय संस्‍कृति और पर्यटन मंत्री महेश शर्मा ने कहा है कि भारत आने वाली महिला विदेशी पर्यटक स्‍कर्ट या अन्‍य छोटे कपड़े नहीं पहनें.
  • एक समाचार वेब पोर्टल के मुताबिक केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी ने आईएएस अफसर रश्मि वर्मा से 8 लाख रुपये की साड़ियों का भुगतान करने को कहा. 
  • हरियाणा के स्वास्थ्य और खेल मंत्री अनिल विज ने धार्मिक संगठन डेरा सच्चा सौदा को अपने विवेकाधीन कोष से 50 लाख रुपये का दान दिया है.

सबका साथ, सबका विकास के नारे के साथ नरेंद्र मोदी सरकार ने दो साल पहले देश की सत्ता संभाली थी. लेकिन अभी हालत यह है कि सरकार अपने विकास के एजेंडे के बजाए विवादों की वजह से चर्चा में रहती है.

एक-एक करके सरकार के मंत्री से लेकर सांसद कभी गलतबयानी तो कभी अपने मातहतों के साथ टकराव की वजह से सुर्खियों में बने रहते हैं. कभी स्मृति ईरानी के सर विवादों की रानी का सेहरा सजता है, तो कभी गिरिराज सिंह पीएम मोदी का विरोध करने वालों को पाकिस्तान जाने की सलाह देते नजर आते हैं.

29 अगस्त को शुरू हुए हफ्ते की शुरुआत भी एक बार कई विवादों के साथ हुई. भाजपा के नेता और मंत्री इन विवादों के मुख्य किरदार हैं. केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी से जुड़ा एक कथित विवाद सामने आया है. वहीं केंद्रीय पर्यटन और संस्कृति मंत्री महेश शर्मा अब विदेशी सैलानियों को पहनावे पर नसीहत देते नजर आ रहे हैं.

इन सबके बीच हरियाणा में भी एक मंत्री अनिल विज चर्चा में हैं. गुरमीत राम रहीम के संगठन डेरा सच्चा सौदा को अपने विवेकाधीन सरकारी कोष से 50 लाख रुपये का दान देकर राज्य के स्वास्थ्य और खेल मंत्री सवालों के घेरे में हैं. एक नजर इन तीनों मामलों पर:

फाइल फोटो

केंद्रीय संस्कृति मंत्री महेश शर्मा की नसीहत

केंद्रीय संस्‍कृति और पर्यटन मंत्री महेश शर्मा ने कहा है कि भारत आने वाली महिला विदेशी पर्यटक स्‍कर्ट या अन्‍य छोटे कपड़े नहीं पहनें. साथ ही केंद्रीय मंत्री ने कहा है कि उन्हें रात में अकेले बाहर निकलने से बचना चाहिए. उन्‍होंने इसके पीछे इन पर्यटकों की सुरक्षा को वजह बताया है.

केंद्रीय संस्कृति मंत्री ने कहा कि यह बातें उस एडवाइजरी का हिस्‍सा होंगी, जिसे विदेशी पर्यटकों के लिए जारी किया जाएगा. महेश शर्मा ने आगे यह भी कहा कि विदेशी जब मथुरा और वृंदावन जाएं, तो भारतीय संस्‍कृति की संवेदनशीलता का ख्‍याल रखें.  

'हमारी संस्कृति पश्चिम से अलग'

हालांकि महेश शर्मा ने साथ ही कहा कि उन्‍हें क्‍या पहनना चाहिए और क्‍या नहीं, इस बारे में हमने कोई स्‍पष्‍ट दिशा-निर्देश जारी नहीं किया है. हम किसी की तहजीब को बदलने की कोशिश नहीं कर रहे हैं. भारतीय संस्‍कृति, पश्चिमी संस्‍कृति से अलग है. 

केन्द्रीय मंत्री ने पिछले साल भी इससे मिलती-जुलती सलाह दी थी. उन्होंने कहा था कि लड़कियों को रात को घर से बाहर निकलना कहीं और सही हो सकता है, लेकिन यह भारतीय संस्‍कृति का हिस्‍सा नहीं है. 

बयान पर दी सफाई

इस बीच बयान पर विवाद बढ़ने के बाद केंद्रीय मंत्री महेश शर्मा की सफाई भी सामने आई है. समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में महेश शर्मा ने बयान के गलत मायने निकालने का आरोप लगाया है.

महेश शर्मा ने सफाई देते हुए कहा, "मैंने यह नहीं कहा कि महिलाओं को क्या पहनना चाहिए और क्या नहीं. मेरे कहने का संदर्भ धार्मिक स्थलों से जुड़ा हुआ था."

फाइल फोटो

स्मृति ईरानी, साड़ी और विवाद

केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी से जुड़ा नया विवाद सामने आया है. मानव संसाधन विकास मंत्रालय में मातहत अफसरों से टकराव के आरोपों के बाद अब कपड़ा मंत्रालय में भी एक आईएएस अफसर से तकरार के आरोप लग रहे हैं.

एक समाचार वेब पोर्टल के मुताबिक सचिव और सीनियर आईएएस रश्मि वर्मा से उनका विवाद हुआ है. जिसकी शिकायत रश्मि वर्मा ने अपने करीबी केंद्रीय सचिव से लेकर पीएम मोदी तक कर दी है. 

आठ लाख की साड़ियां खरीदी!

वेब पोर्टल के मुताबिक रश्मि वर्मा और स्मृति ईरानी के बीच विवाद की वजह है लाखों रुपये कीमत की साड़ियों के भुगतान का मामला. वेब पोर्टल के हवाले से बताया जा रहा है कि दो दिन पहले केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी मंत्रालय के अधीन संचालित कॉटेज इंडस्ट्री का मुआयना करने गई थीं.

इस दौरान उन्हें कुछ महंगी साड़ियां अच्छी लगीं तो उसे पैक करा लिया. साथ में एक गणेश भगवान की मूर्ति भी थी. इन सब की कीमत करीब आठ लाख रुपये बताई जाती है.  

सचिव रश्मि वर्मा से भुगतान को कहा!

वेब पोर्टल के दावे के मुताबिक स्मृति ईरानी के निजी स्टाफ ने बिल लेकर भुगतान के लिए कपड़ा मंत्रालय की सेक्रेटरी के पास भेजा. जब बिल कपड़ा मंत्रालय की सचिव रश्मि वर्मा के पास पहुंचा, तो उन्होंने साड़ियों के बिल का भुगतान करने से मना कर दिया.

समाचार पोर्टल के मुताबिक जब साड़ियों का भुगतान रुकने की बात आई, तो स्मृति नाराज हुईं. उन्होंने सचिव से कहा कि महकमे के मंत्री को अपने अधीन चल रहे संस्थान का बना कपड़ा पहनने का अधिकार है. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच तकरार की खबर है.

इस कथित मामले के सामने आने के बाद ट्विटर पर स्मृति ईरानी को लेकर बहस छिड़ गई. इससे पहले भी ट्विटर पर उनका कई बार विवाद हो चुका है. कभी कांग्रेस प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी से, तो कभी बिहार के शिक्षा मंत्री अशोक चौधरी के डियर कहने पर दोनों के बीच ट्विटर जंग देखने को मिली थी.

हरियाणा के स्वास्थ्य और खेल मंत्री अनिल विज के ओलंपिक टूर पर भी सवाल उठे थे. (फाइल फोटो)

अनिल विज का धार्मिक संप्रदाय को दान

केंद्र सरकार के दो मंत्रियों के साथ ही हरियाणा के स्वास्थ्य और खेल मंत्री से जुड़ा विवाद भी सामने आया है. राज्य में मनोहर लाल खट्टर के नेतृत्व में भाजपा सरकार काबिज है.

हरियाणा के स्वास्थ्य और खेल मंत्री अनिल विज ने धार्मिक संगठन डेरा सच्चा सौदा को अपने विवेकाधीन कोष से 50 लाख रुपये का दान दिया है. इस कदम के बाद हरियाणा से लेकर देश तक सियासत गरमाई हुई है.

हालांकि अनिल विज ने अपने फैसले के समर्थन में कहा, "यह बहुत ही अच्छी बात है. धर्म के साथ शिक्षा और खेल भी हैं. इसका मतलब है कि वे एक पूर्ण मनुष्य तैयार करने का प्रयास कर रहे हैं." 

विवेकाधीन कोष से 50 लाख का दान

विज ने साथ ही कहा, "वह खेलों को प्रोत्साहित कर रहे हैं. चूंकि स्कूल भी खेलों को प्रोत्साहित कर रहे हैं, मैं 50 लाख रुपये अपने विवेकाधीन कोष से दान देना चाहूंगा."

डेरा सच्चा सौदा की अकादमी के भीतर खेले जाने वाले सभी खेलों को स्वयं गुरमीत राम रहीम बनाते हैं और ये खेल राष्ट्रीय या अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नहीं खेले जाते. 

खेल मंत्री अनिल विज को इससे रत्ती भर भी लेना-देना नहीं है. विज ने कहा, "'डेरा सच्चा सौदा लंबे समय से खेलों को प्रोत्साहित कर रहा है. अब बीजेपी सरकार खेलों से संबंधित सभी गतिविधियों को प्रोत्साहित करेगी. इसके लिए 20 ओलंपिक नर्सरी बनाई जाएंगी."

'लोगों से जुड़ाव पर करें निर्णय'

इस बीच कांग्रेस ने अनिल विज पर हमला बोला है. पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने इस मामले में प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "मैंने इस खबर के सभी कोण नहीं देखे हैं. सभी राजनीतिक दल इसके समर्थन में हैं कि खेलों को प्रोत्साहित करने के लिए धनराशि दान की जानी चाहिए. अनिल विज को लोगों के साथ अपने जुड़ाव को लेकर अपने निर्णय पर विचार करना चाहिए."

सुरजेवाला  ने कहा, "वह एक जिम्मेदार राजनीतिक एवं संवैधानिक पद पर हैं. उन्हें अपने व्यवहार के बारे में एक निर्णय करना चाहिए. यदि वह कोई निर्णय नहीं करते, तो हरियाणा के लोगों को कार्य करना होगा." 

भाजपा-डेरा प्रमुख की करीबी

अनिल विज ने दान की घोषणा रविवार को सिरसा जिले में स्थित डेरा सच्चा सौदा के मुख्यालय में एक खेल कार्यक्रम के बाद की. इस मौके पर डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह भी मौजूद थे.

हरियाणा में भाजपा सरकार और गुरमीत राम रहीम के डेरा सच्चा सौदा के बीच करीबियां छिपी नहीं है. राज्य में दो साल पहले हुए विधानसभा चुनाव में डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम ने खुलकर अपने अनुयायियों से भाजपा का समर्थन करने की अपील की थी.

डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम अक्सर विवादों में रहते हैं. उनकी फिल्म पर पंजाब-हरियाणा में बवाल मचा था. (फाइल फोटो)
First published: 29 August 2016, 15:11 IST
 
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