Home » इंडिया » Pakistan arrests former Indian Navy officer
 

'रॉ अधिकारी' की गिरफ्तारी और भारत-पाक संबंधों में नई कड़वाहट

कैच ब्यूरो | Updated on: 26 March 2016, 12:18 IST

पाकिस्तान के बलूचिस्तान सूबे से भारतीय नागरिक की गिरफ्तारी ने भारत और पाक के बीच कूटनीतिक और राजनैतिक तनाव बढ़ा दिया है. पाकिस्तान के अनुसार उसने बलूचिस्तान में भारतीय खुफिया एजेंसी रॉ के लिए काम करने वाले एक अधिकारी को गिरफ्तार किया है.

बलूचिस्तान के गृहमंत्री मीर सरफराज बुगती ने दावा किया है कि गिरफ्तारी अधिकारी का नाम कुलभूषण जाधव हैं जो भारतीय नौसेना में कमांडर रैंक के अधिकारी रह चुके हैं.

पाक के इस दावे के बाद शुक्रवार को भारतीय विदेश मंत्रालय ने भी बयान जारी करके कहा कि गिरफ्तार व्यक्ति भारतीय नौसेना का हिस्सा था लेकिन उसने समयपूर्व रिटायरमेंट ले लिया है और उसके बाद से उसका भारत सरकार से कोई संबंध नही है.

यह पहली बार है जब भारत ने यह स्वीकार किया है कि गिरफ्तार व्यक्ति भारतीय है और वह भारतीय नौसेना में रह चुका है. कूटनीतिक हलकों में भारत के इस कदम पर हैरानी जतायी जा रही है.

पाकिस्तान से उठ रही है बदलाव की हवा

गौरतलब है कि पाकिस्तान लंबे समय से इस बात की शिकायत करता रहा है कि बलोचिस्तान प्रांत में जारी अलगाववादी गतिविधियोंं के पीछे भारत का हाथ रहा है. हालांकि आज तक पाकिस्तान ने इस संबंध में कोई ठोस सबूत नहीं दिया है. जाधव की गिरफ्तारी के बाद पाकिस्तान को एक मौका मिल गया है अपने दावे को सही ठहराने का. 

मीडिया में आ रही खबरों के मुताबिक गिरफ्तार पूर्व नौसैनिक कुलभूषण जाधव के पिता सुधीर जाधव मुंबई पुलिस में एसीपी रह चुके हैं और आठ साल पहले ही रिटायर हुए हैं. कुलभूषण के चाचा सुभाष जाधव भी मुंबई पुलिस में हैं.

गिरफ्तार पूर्व नौसैनिक कुलभूषण जाधव के पिता सुधीर जाधव मुंबई पुलिस में एसीपी रह चुके हैं

कुलभूषण का परिवार मुंंबई के पोवई इलाके में रहता है. परिजनों के अनुसार आखिरी बार उनकी कुलभूषण से तीन महीने पहले बात हुई थी. जाधव परिवार के एक करीबी के अनुसार कुलभूषण ने नौसेना से समय पूर्व रिटायरमेंट लेने के बाद खुद अपना बिजनेस शुरू किया ता. अपने व्यापार के सिलसिले में वो देश-विदेश की यात्रा करते रहते थे.

पाकिस्तान का विरोध

शुक्रवार को ही पाकिस्तान ने 'विध्वंसकारी गतिविधियों' पर नाराजगी जताने के लिए भारतीय उच्चायुक्त गौतम बम्बवाले को तलब किया था.

पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने इस मुलाकात के बाद जारी बयान में कहा, 'भारतीय विदेश सचिव से बलूचिस्तान और कराची में विध्वंसकारी गतिविधियों पर विरोध और गहरी चिंता जताई है.'

पाकिस्तान काफी समय से भारत पर बलूचिस्तान में हस्तक्षेप करने का आरोप लगाता रहा है

हालांकि भारत ने हमेशा बलूचिस्तान में अपनी किसी भूमिका से इंकार किया है. शुक्रवार को भी विदेश मंत्रालय के विकास स्वरूप ने कहा कि भारत की किसी भी देश के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने में कोई रुचि नहीं है. साथ ही, भारत विश्वास रखता है कि पाकिस्तान में स्थिरता और शांति क्षेत्र के हित में है.

पिछले महीने भी मीडिया में एक खबर आई थी कि पाकिस्तानी सैन्य अदालत ने जासूसी के मामले में एक भारतीय नागरिक हामिद अंसारी को तीन साल की सजा सुनाई.

पाकिस्तानी सेनाध्यक्ष राहील शरीफ की गद्दी कौन संभालेगा?

हामिद पर आरोप था कि उसने जासूसी के लिए साल 2012 में अफगानिस्तान के रास्ते पाकिस्तान के कोहाट इलाके में प्रवेश किया था.

इससे पहले पठानकोट हमले के चलते भारत-पाक वार्ता में गतिरोध उत्पन्न हो गया था

हालांकि इस बार मामला अलग भी है और गिरफ्तारी दक्षिण बलूचिस्तान से हुई है. यह पाकिस्तान का सबसे अशांत क्षेत्र माना जाता है.

इससे पहले पिछले साल क्रिसमस के मौके पर जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाहौर का दौरा किया था तो दोनों देशों के रिश्तों पर जमी बर्फ पिघलनी शुरू हुई थी. लेकिन पठानकोट हमले के चलते भारत-पाक वार्ता में गतिरोध उत्पन्न हो गया.

भारत इस हमले के लिए जैश-ए-मोहम्मद के मुखिया मसूद अजहर को जिम्मेदार मानता है. पिछले महीने पाकिस्तानी अधिकारियों ने इस हमले के मामले में एफआईआर दर्ज की थी लेकिन उसमें मसूद अजहर का नाम नहीं है. हालांकि पाक ने हमले की जांच के लिए पांच सदस्यीय जांच दल का गठन किया है.

पाकिस्तान पहला इस्लामिक देश होगा जहां पोप जाएंगे

मसूद अजहर पर कार्रवाई को लेकर भारत में नाराजगी है. बावजूद इसके धीरे-धीरे भारत और पाकिस्तान में फिर से बातचीत की प्रक्रिया शुरू हुई है. अभी हाल में ही पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के विदेश मामलों के सलाहकार सरताज अजीज और भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने नेपाल में मुलाकात की है.

भारत ने पठानकोट हमले पर पाकिस्तान में बनी जांच दल को वीजा दिया है. एक-दिनों में पाक जांच दल पठानकोट का दौरा कर सकता है.

अब नए घटनाक्रम में पाकिस्तान गिरफ्तार भारतीय नागरिक को लेकर भारत से नाराजगी जता रहा है. जिस तरह से शुक्रवार को भारतीय उच्चायुक्त को तलब किया गया है उससे दोनों देशों के रिश्ते कुछ हद तक प्रभावित हो सकते हैं. फिलहाल भारत ने भी गिरफ्तार भारतीय नागरिक से संपर्क करने की इजाजत मांगी है.

First published: 26 March 2016, 12:18 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी