Home » इंडिया » Pakistan reaches to America for brokering peace with India Modi government Imran khan
 

अमेरिका की मदद से पाकिस्तान गुपचुप करना चाहता था ये काम, भारत ने दिया बड़ा झटका

कैच ब्यूरो | Updated on: 6 September 2018, 11:53 IST

India Pakistan Relation: अमेरिकी मीडिया न्यूयॉर्क टाइम्स की एक खबर में बड़ी बात सामने आई है. खबर के अनुसार महंगाई की मार झेल रहा पाकिस्तान नई सरकार बनने के बाद पड़ोसी देशों से सही संबंध स्थापित करना चाहता है. इस कड़ी में वह अमेरिका की मदद से भारत से गुपचुप शांति वार्ता स्थापित करना चाहता है, लेकिन भारत ने उसे बड़ा झटका दिया है.

न्यूयॉर्क टाइम्स में छपी खबर के अनुसार, पाकिस्तानी सेना के कुछ बड़े अधिकारी भारत के साथ शांति वार्ता की पहल करना चाहते हैं. इसके लिए उन्होंने अमेरिका से मदद मांगी है. लेकिन भारत ने कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई है.

बता दें कि साल 2016 में हुए उरी आतंकी हमले के बाद से ही भारत और पाकिस्तान के बीच बातचीत बंद पड़ी है. लेकिन खबर है कि पाकिस्तान के जनरल कमर जावेद बाजवा चुनावों से पहले भारत के साथ बातचीत के लिए प्रयासरत थे. पाकिस्तान कश्मीर के सीमा विवाद को लेकर भी बातचीत के लिए तैयार हुआ था.

भारत से बातचीत आगे बढ़ाने के पीछे पाकिस्तान का उद्देश्य दोनों देशों के बीच व्यापार को फिर से गति देना है. पाकिस्तान भारत के बड़े बाजार में अपनी पहुंच बनाना चाहता है. पाकिस्तान आर्मी चीफ बाजवा ने पिछले साल अक्टूबर में एक भाषण में बिगड़ती अर्थव्यवस्था को देश की सुरक्षा के लिए खतरे का कारण माना था. इसके बाद से ही पाकिस्तान अपनी अर्थव्यवस्था को लेकर गंभीर हो गया है.  

गौरतलब है कि बीआरआई के तहत पाकिस्तान को चीन से खरबों डॉलर का निवेश मिला है. लेकिन इस इस देश के लिए यह निवेश काफी नहीं है क्योंकि पाकिस्तान बुरी तरह कर्ज में डूबा हुआ है.. इसकी वजह से अब अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष से 9 अरब डॉलर की मदद लेने की तैयारी हो रही है. पाक के सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने कहा, "हम आगे बढ़ना चाहते हैं और हम भारत समेत अपने सभी पड़ोसियों के साथ अच्छे संबंध बनाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं."

First published: 6 September 2018, 11:53 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी