Home » इंडिया » PM modi will make a record with hoisting Flag from red fort at azad hind fauj 75 years
 

लाल किले पर तिरंगा फहरा कर PM मोदी ने रच दिया इतिहास, किसी भी पूर्व प्रधानमंत्री ने नहीं किया ऐसा

कैच ब्यूरो | Updated on: 21 October 2018, 10:17 IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज लाल किले की प्राचीर से एक नया इतिहास रचेंगे. आज 21 अक्टूबर को नेता जी सुभाष चंद्र बोस की 'आजाद हिंद सरकार' की 75वीं जयंती पर एक नई परंपरा की शुरआत करेंगी. आज पीएम मोदी लाल किले की प्राचीर से आज़ाद हिंद फ़ौज की 75वीं जयंती पर तिरंगा फैहराएंगे. आज के पहले देश के किसी भी प्रधनमंत्री ने ऐसा नहीं किया है. ऐसा करके प्रधानमंत्री मोदी एक नया इतिहास बनाने वाले हैं.

गौरतलब है कि लाल किले पर अभी तक केवल दो राष्ट्रीय पर्वों स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त और गणतंत्र दिवस 26 जनवरी को ही देश के प्रधानमंत्री द्वारा तिरंगा फहराने की परम्परा रही है. लेकिन आज पीएम मोदी इस परंपरा को तोड़ कर नई व्यवस्था लाना चाहते हैं. अब 21 अक्टूबर को भी लाल किले पर झंडारोहण करने करने के साथ नरेंद्र मोदी देश के पहले ऐसे प्रधानमंत्री बन जाएंगे.

इस बारे में पीएम ने एक वीडियो संवाद के माध्यम से बीजेपी के कार्यकर्ताओं से अपनी सरकार द्वारा महान शख्सियतों के योगदान के जश्न मनाने को लेकर विस्तार में चर्चा की. उन्होंने ये भी कहा कि कांग्रेस ने अपने कई दशकों के कार्यकाल के दौरान इस काम पर कोई ध्यान नहीं दिया.

आपको बता दें कि सुभाष चंद्र बोस ने देश की आजादी के लिए आजाद हिंद फौज की स्थापना की थी और आजाद हिंद फौज के प्रमुख होने के नाते उन्‍होंने 21 अक्‍टूबर को ही स्‍वतंत्रता दिवस मनाया था. इस साल यानि 21 अक्टूबर 2018 को इस ऐतिहासिक घटनाक्रम के 75 साल पूरे हो रहे हैं. इसलिए पीएम मोदी ने दो दिन बाद लाल किले के प्राचीर से झंडा फहराने का फैसला लिया है.

वीडियो संदेश में पीएम ने बताया है कि अगर कोई समाज अपने इतिहास से कट जाता है, तो उसका कटी हुई पतंग की तरह पतन भी तय जो जाता है. उन्होंने कहा कि इसलिए देश के सभी नागरिकों को अपने इतिहास से जुड़े रहना जरूरी है. हम देश के सभी महान पुरुषों का सम्‍मान करते हैं. ऐसे में जिसने जिसने इस देश की इतनी बड़ी सेवा की हो, वह चाहे किसी भी दल का हो, हमें उसका सम्मान करना चाहिए.

पीएम ने वीडियो में कहा, '' 21 अक्टूबर को लाल किले के प्राचीर से होने वाले झंडारोहन कार्यक्रम में शामिल होने का मुझे सौभाग्य मिलेगा. उन्होंने आगे कहा कि अब आप पूछेंगे कि 21 अक्टूबर को झंडा रोहण क्यों? मैं आपको बताता हूं कि 21 अक्टूबर को सुभाष चंद्र बोस के बनाए आजाद हिंद फौज की 75वीं वर्षगांठ पूरे हो रहे है.'' उन्होंने कहा कि उनके इस कदम का कुछ दल विरोध करेंगे, लेकिन इसका मतलब ये नहीं है कि वह देश के लिए बलिदान देने वाले लोगों का सम्मान नहीं करेंगे.

First published: 21 October 2018, 8:38 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी