Home » इंडिया » Putin's Secret Network And Many More Top Leaders Are in The Panama Leak
 

पनामा पेपर्स लीक: ब्लादिमीर पुतिन, नवाज शरीफ और जैकब जुमा भी ब्लैकमनी केे महारथी

कैच ब्यूरो | Updated on: 4 April 2016, 14:48 IST
QUICK PILL
  • कर बचाने के लिहाज से मुफीद देशों में शामिल पनामा की एक कंपनी मोजेक फोंसेका के करीब एक करोड़़ से ज्यादा लीक दस्तावेजों के मुताबिक रूसी राष्ट्रपति पुतिन, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति जैकब जुमा ने विदेशों में ब्लैक मनी जमा कर रखी है.
  • नवाज शरीफ के बेटे हुसैन और हसन नवाज शरीफ एवं उनकी बेटी मरियम सफदर ने ब्रिटिश वर्जिन आईलैंड में कम से कम चार सेल कंपनियां बनाईं.
  • शरीफ के बेटे और बेटी की तरफ से बनाई गई कंपनियों ने लंदन में करीब 6 संपत्तियां खरीदीं, और फिर इन संपत्तियों को गिरवी रखकर डॉएचे बैंक से करीब 70 लाख पॉन्ड का कर्ज लिया गया.

कर बचाने के लिहाज से मुफीद देशों में शामिल पनामा की एक कंपनी मोजेक फोंसेका के करीब एक करोड़़ से ज्यादा दस्तावेजों के लीक होने के बाद हंगामा मच गया है. 

सामने आए दस्तावेजों के मुताबिक रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ समेत करीब 150 नेताओं ने अपनी संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा वैसे देश में छुपा रखा है जहां उन्हें इसके एवज में टैक्स नहीं देना पड़ता है.

रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने अपने बेहद करीबी और शक्तिशाली दोस्त की मदद सेे करीब 2 अरब डॉलर का टैक्स बचाया

मोजेक फोंसेका के लीक दस्तावेजों के मुताबिक रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन का नाम इस सूची में नहीं है लेकिन उन्होंने अपने एक बेहद करीबी और शक्तिशाली दोस्त की मदद सेे करीब 2 अरब डॉलर का टैक्स बचाया. 

सर्गेइ रोल्डुगिन और पुतिन की दोस्ती पूरे रूस में मशहूर है. रोल्डुगिन ने कई मीडिया साक्षात्कार की मदद से पुतिन की छवि को नरम बनाने की कोशिश की.

दस्तावेजों के मुताबिक रोल्डुगिन कई वैसी विदेशी कंपनियों के मालिक हैं जिसनेे करोड़ों डॉलर का लेन-देन किया. रोल्डुगिन कहीं से भी कारोबारी नहीं है ऐसे में उनके जरिये इतने बड़े लेन-देन का कोई मतलब नहीं है. 

सामने आए सबूत बताते हैं कि रोल्डुगिन किसी के लिए काम कर रहे थे और वह संभवत: पुतिन के बनाए गए नेटवर्र्क में पुतिन के लिए ही टैक्स बचाने के काम में लगे हुए थे.

पुतिन पर पहले भी रहा है संदेह

पिछले कई सालों से पुतिन की संपत्ति को लेकर रूस में कई तरह की बातें होती रही हैं. हालांकि किसी को भी इस बारे में अभी तक सही तस्वीर नहीं मिल पाई है. रोल्डुगिन को पुतिन की बेटी का गॉडफादर भी माना जाता रहा है. 

नवाज शरीफ भी शामिल

पनामा के दस्तावेज लीक में यह बात सामने आई है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के परिवार ने भी कर बचाने के लिए विदेशों में कंपनियां बनाईं. 

नवाज शरीफ के बेटे हुसैन और हसन नवाज शरीफ एवं उनकी बेटी मरियम सफदर ने ब्रिटीश वर्जिन आईलैंड में कम से कम चार कंपनियां बनाईं. ब्रिटीश वर्जिन आईलैंड कर बचाने के लिहाज से मुफीद जगह मानी जाती है. 

शरीफ के बेटे और बेटी की तरफ से बनाई गई कंपनियों ने लंदन में करीब 6 संपत्तियां खरीदीं. और फिर इन संपत्तियों को गिरवी रखकर डॉएचे बैंक से करीब 70 लाख पॉन्ड का कर्ज लिया गया. इतना ही नहीं दो अन्य अपार्टमेंट खरीदने में बैंक ऑफ स्कॉटलैंड ने वित्तीय मदद की. 

पनामा लीक के खुलासे के बाद पाकिस्तान में नवाज शरीफ की मुश्किलें बढ़ सकती हैं

पनामा लीक के खुलासे के बाद पाकिस्तान में नवाज शरीफ की मुश्किलें बढ़ सकती हैं. शरीफ ने हालांकि इन सभी आरोपों को खारिज किया है. सूची में शरीफ के अलावा बेनजीर भुट्टो, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और मिस्र के पूर्व राष्ट्रपति हुस्नी मुबारक का भी नाम शामिल है. 

रूसी राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन के सहयोगी रहे सीरिया के राष्ट्रपति का नाम भी इस सूची में शामिल हैं. कर चोरी के मामले में सउदी अरब के राजा सलमान बिन अब्दुल अजीज अल सउद, दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति जैकब जुमा, मलेशिया के पूर्व प्रधानमंत्री नजीब रज्जाक और उनके बेटे नफीजुद्दीन नजीब का भी नाम शामिल है.

कैसे हुआ खुलासा

जर्मनी के अखबार डॉएचे जेईंटंग ने सूत्रों की मदद से यह सभी दस्तावेज हासिल किए हैं. बाद में इन दस्तावेजों की जांच इंटरनेशनल कंर्सोशियम ऑफ इनवेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट्स (आईसीआईजे) ने की. भारतीय अखबार द इंडियन एक्सप्रेस इस कंसोर्शियम का हिस्सा है और उन्होंने भी इन दस्तावेजों की जांच और परख में हिस्सा लिया.

इंडियन एक्सप्रेस ने इन दस्तावेजों की पहली खेप सोमवार को प्रकाशित की है.

क्या है मोजेक फोंसेका

मोजेेक फोंसेका एक कानूनी कंपनी है जिसका मुख्यालय पनामा में है. कंपनी दुनिया भर के दौलतमंदों को वित्तीय मामलों में सलाह देती है और उनसे जुड़े कानूनी मामलों को भी संभालती है. कंपनी के 35 से ज्यादा देशों में दफ्तार है. कंपनी का कहना है कि उसके कई धनी ग्राहकों के बारे में खुलासा करना अपराध हैै.

हालांकि दस्तावेजों के लीक होने के बाद पनामा सरकार ने जांच में सहयोग का भरोसा दिया है. सरकार ने बयान जारी कर कहा, पनामा सरकार कोई कानूनी कदम उठाए जाने की स्थिति में हर तरह से सहयोग करेगी.

First published: 4 April 2016, 14:48 IST
 
पिछली कहानी
अगली कहानी