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हैदराबाद में आरएसएस का देशभर से जुटान

समीर चौगांवकर | Updated on: 21 October 2016, 9:47 IST
QUICK PILL
  • राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की तीन दिवसीय बैठक 23 अक्टूबर से हैदराबाद में होने जा रही है. 
  • माना जा रहा है कि उत्तरप्रदेश चुनाव में संघ की तरफ़ से किए जाने वाले योगदान और भाजपा की मौजूदा हालत समेत कई मुद्दों पर प्रस्ताव लाया जा सकता है. 

संघ इस बैठक में 'एक कुंआ, एक मंदिर और एक श्मशान' के सिद्धांत को ज़मीनी स्तर पर फैलाने के लिए स्वयं सेवकों से कह सकता है. यह एक प्रयोग है जिसका फ़ायदा उत्तर प्रदेश चुनाव मिल भी सकता है और नहीं भी. 

जम्मू कश्मीर में जारी हिंसा पर संघ अपनी चिंता जाहिर करते हुए मोदी सरकार से कोई ठोस उपाय अपनाने की सलाह दे सकता है. बांग्लादेशी और पाकिस्तानी हिंदुओं की भारतीय नागरिकता देने के लिए जल्द कानून बनाने के लिए भी कहा जा सकता है.

गोवा संघ चालक सुभाष वेलिंगकर की बगावत के बाद वहां हो रहे नुकसान और उसकी भरपाई के लिए भी रणनीति बनाई जा सकती है. महाराष्ट्र में मराठाओं के आंदोलन पर भी चिंतन संभव है. हालांकि संघ ने फरवरी में नागौर में हुई अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा की बैठक में हरियाणा के जाटों और गुजरात के पाटीदारों के आरक्षण को लेकर हुए हिंसक आंदोलन को आपसी विश्वास के लिए नुकसानदायक माना था. संघ ने साफ कहा है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ संविधान प्रदत्त आरक्षण जारी रखने के पक्ष में है लेकिन संघ धर्म आधारित किसी भी आरक्षण के खिलाफ है. 

योग की शिक्षा और शिक्षा का योग

संघ अपने स्वयं सेवकों से कह सकता है कि अपने शरीर को चुस्त दुरुस्त रखने के लिए सभी योग को अंगीकार करें. संघ योग को शिक्षा का अनिवार्य हिस्सा बनाने के लिए कह सकता है.

प्रतिनिधि सभा में संघ ने सस्ती और सुलभ शिक्षा को लेकर प्रस्ताव पास किया था. मुमकिन है कि हैदराबाद की बैठक में इसमें तेज़ी लाने को कह जा सकता है. संघ सरकार से यह भी पूछ सकता है कि शिक्षा के लिए एक नई रेग्युलेटरी आथॉरिटी बनाने और मौजूदा आथॉरिटी के विकेन्द्रीकरण की सलाह दी थी, उसका क्या हुआ?

देशभर से जुटान

हैदराबाद की इस तीन दिवसीय बैठक में संघ प्रमुख मोहन भागवत, सरकार्यवाह भैया जी जोशी, सहसरकार्यवाह के अलावा  11 क्षेत्र और 42 प्रांतों के प्रांत संघचालक, प्रांतकार्यवाह, प्रांत प्रचारक, क्षेत्र संघचालक, क्षेत्र कार्यवाह, क्षेत्र प्रचारक और विविध क्षेत्रों के संघ का काम कर रहे प्रतिनिधि भी शामिल होंगे. बैठक में अंतिम दिन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और संगठन महामंत्री रामलाल हाज़िर होंगे. 

First published: 21 October 2016, 9:47 IST
 
समीर चौगांवकर @catchhindi

विशेष संवाददाता, राजस्थान पत्रिका

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