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IIT-JEE 2017 की काउंसिलिंग पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक

कैच ब्यूरो | Updated on: 7 July 2017, 17:26 IST
IIT-JEE 2017

सुप्रीम कोर्ट ने IIT-JEE 2017 की काउंसिलिंग पर रोक लगा दी है. सुप्रीम कोर्ट ने देश के सभी हाईकोर्ट को भी निर्देश दिए हैं कि आईआईटी-जेईई से जुड़ी किसी भी याचिका को न स्वीकारे. इसके साथ ही उसने आदेश दिए कि हाईकोर्ट  इस मामले में कोई सुनवाई ना करे.

सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति दीपक मिश्रा और न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर की पीठ ने ये आदेश दिए. पीठ ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 10 जुलाई की तारीख तय की है. IIT-JEE 2017 की रैंक सूची रद्द करने संबंधी अर्जी पर न्यायालय ने 30 जून को मानव संसाधन विकास मंत्रालय को नोटिस जारी किया था.

सुप्रीम कोर्ट ने सभी उच्च न्यायालयों के समक्ष लंबित याचिकाओं और आईआईटी-जेईई, 2017 की रैंक लिस्ट तथा परीक्षा में शामिल होने वाले सभी अभ्यर्थियों को अतिरिक्त अंक देने को चुनौती देने वाली सभी याचिकाओं की जानकारी मांगी है.

आईआईटी में दाखिले की इच्छुक ऐश्वर्या अग्रवाल ने कोर्ट से इस पर निर्देश देने का अनुरोध करते हुए कहा था कि जेईई (एडवांस) 2017 में शामिल अभ्यर्थियों को बोनस अंक देने का फैसला उसके और अन्य अभ्यर्थियों के अधिकारों का उल्लंघन है.

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार और आईआईटी मद्रास से पूछा था कि IIT-JEE 2017 परीक्षा में उन छात्रों को बोनस अंक क्यों दिए गए, जिन्होंने ‘गलत प्रश्नों’ को हल करने का प्रयास ही नहीं किया. इस बार आईआईटी मद्रास ने आईआईटी, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी और दूसरे कॉलेज में एडमिशन लेने वाले एंट्रेंस एग्जाम का आयोजन किया था.

First published: 7 July 2017, 17:26 IST
 
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