Home » इंडिया » Swati S. Bhadoria Chamoli District Magistrate sets example, admits son to Anganwadi centre
 

चर्चा में है उत्तराखंड की ये IAS दम्पति, आंगनवाड़ी में पढ़ाते हैं 2 साल के बेटे को

कैच ब्यूरो | Updated on: 2 November 2018, 17:37 IST

उत्तराखंड के चामोली जिले की जिला मजिस्ट्रेट स्वाति एस भदौरिया ने दूसरों के लिए एक बड़ा उदाहरण पेश किया है. उन्होंने अपने दो साल के बेटे को किसी महंगे शहरी स्कूल में रखने के बजाय आंगनवाड़ी केंद्र में पढ़ने के लिए भर्ती किया है. स्वाति ने कहा इसके पीछे उनका उद्देश्य इस माहौल को बढ़ावा देना है. चमोली की डीएम ने अपने फैसले पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा, "आंगनवाड़ी केंद्रों में सभी सुविधाएं और समग्र वातावरण है जो एक बच्चे के विकास के लिए अच्छा है."

उन्होंने कहा "इन केंद्रों में शिक्षा, मनोरंजन और भोजन की सुविधाएं हैं और मेरा बीटा बाकी बच्चों के साथ बहुत अच्छा महसूस कर रहा है. सुश्री भडोरिया ने कहा कि उनके फैसले के पीछे एक अन्य कारण यह महसूस करवाना था कि है कि आंगनवाड़ी केंद्रों के प्रति सामान्य दृष्टिकोण बदलना चाहिए.

 

भदौरिया ने कहा "मेरे बेटे ने सहपाठियों के साथ भोजन किया और वह बहुत खुश था. स्वाति के पति नितिन भदौरिया भी आईएएस अफसर हैं और वर्तमान में अल्मोड़ा के जिला मजिस्ट्रेट के रूप में तैनात हैं. आंगनवाड़ी केंद्र के एक स्वयंसेवक मंजू भट्ट ने कहा, "मंगलवार लप अभ्युदय का पहला दिन था उसने अन्य बच्चों के साथ खिचड़ी खाई.

कई उदाहरण पेश किये हैं स्वाति और नितिन ने

स्वाति भदौरिया भी उत्तर प्रदेश से रहने वाली हैं. नितिन 2011 बैच के आईएएस है जबकि स्वाति 2012 की आईएएस हैं. भदौरिया दम्पति ने उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों में सेवा की हैं. पौड़ी के ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के रूप में केदारनाथ आपदा में श्री भदौरिया ने बहुत अच्छा कार्य किया है. नवंबर 2013 तक पौड़ी के विभिन्न क्षेत्रों की सेवा के बाद देहरादून नगर निगम के आयुक्त बने और यहां भी अपनी सेवाओं के माध्यम से अलग पहचान बनाई.

First published: 2 November 2018, 17:34 IST
 
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