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महिला पत्रकार का गाल सहलाने वाले राज्यपाल के खिलाफ 200 पत्रकारों ने खोला मोर्चा

कैच ब्यूरो | Updated on: 18 April 2018, 13:55 IST

तमिलनाडु के करीब 200 पत्रकरों ने गवर्नर बनवारीलाल पुरोहित को लिखा है कि वो महिला पत्रकार से माफ़ी मांगे. गौरतलब है कि मंगलवार को हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान महिला पत्रकार के सवाल पूछने पर उसे जवाब देने के बजाय गवर्नर बनवारीलाल पुरोहित ने उसका गाल सहलाया और चले गए. उनकी इस हरकत की कई पत्रकरों के निंदा की.
अब पत्रकारों ने मांग की है कि गवर्नर पुरोहित महिला से माफ़ी मांगे साथ ही ये सुनिधनित करें की भविष्य में कभी भी पत्रकारों के अधिकारों के उल्लंघन नहीं किया जायेगा.

पत्रकारों ने याचिका में लिखा है, '' एक महिला पत्रकार के गाल छू कर अापने जो व्यवहार किया है वो महिला अधिकारों का उल्लंघन है. आपके द्वारा बुलाई गयी प्रेस कांफ्रेंस में वो पत्रकार शिरकत कर रही थी और पत्रकार होने के नाते अपनी ड्यूटी निभा रही थी.''

आगे लिखा गया है, ''अापने जो किया उससे हम आपके इरादों पर सवाल नहीं करना चाहते हैं, पर ये आपको सोचना चाहिए कि किस प्रकार का व्यवहार किया जाये खास तौर पर जब आपने प्रेस कांफ्रेंस इस मुद्दे पर बुलाई थी जिसमे एक प्रोफेसर पर आरोप है की वो अपनी छात्रों का यौन उत्पीड़न करता है.''

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महिला पत्रकार एक अंग्रेजी मैगजीन के लिए काम करती है जिसने इस घटना के बाद ट्वीट किया. महिला पत्राकर ने लगातार दो ट्वीट किए. पहले ट्वीट में उन्होंने लिखा, ''मैंने तमिलनाडु के गवर्नर बनवारीलाल पुरोहित से प्रेस कॉन्फ्रेंस के आखिर में एक सवाल पूछा. उन्होंने बिना मेरी इजाजत के मेरे गाल पर थपथपाया."

इसके बाद दूसरे ट्वीट में उन्होंने लिखा कि मैंने कई बार अपना चेहरा धोया लेकिन अभी तक इससे उबर नहीं पायी हूं. हो सकता है ये आपकी तरफ से प्रशंसा करने के लिए हो लेकिन मुझे ये पसंद नहीं आया. एक महिला को बिना उसकी इजाजत के छूना बिल्कुल गैर जरूरी था.

चेन्नई प्रेस क्लब ने भी गवर्नर से माफ़ी मांगने की मांग की है. क्लब ने कहा कि आप इस बात का सहारा लेकर खुद को बचा सकते हैं कि ये एक वृद्ध आदमी का व्यवहार था,मगर कानून यहां कुछ और ही कहता है.

First published: 18 April 2018, 13:55 IST
 
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